सिविल अस्पताल में शारीरिक जांच कराने पहुंचा दिव्यांग।
चरखी दादरी। जिले में अब तक 2217 दिव्यांगों की यूडीआईडी बनाई जा चुकी हैं। सिविल अस्पताल परिसर में अब हर बुधवार को दिव्यांगों की शारीरिक जांच की जा रही है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल स्वयं दिव्यांगों के पहचान पत्र बनाने की प्रक्रिया और उनके दी जा रही सुविधाओं की निगरानी रख रहे हैं। दादरी के सिविल सर्जन डॉ. कृष्ण कुमार ने यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि पहले अस्पताल में वीरवार को दिव्यांगों की शारीरिक जांच के लिए डॉक्टर बैठते थे। अब यह कार्य हर बुधवार को किया जा रहा है। नागरिक अस्पताल में दिव्यांगों की शारीरिक जांच के लिए हड्डी रोग विशेषज्ञ, ईएनटी, छाती रोग विशेषज्ञ, आई सर्जन अपनी सेवाएं दे रहे हैं। सरकार के आदेश अनुसार अब हर बुधवार को दिव्यांग सर्टिफिकेट बनाए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि सिविल अस्पताल की नई बिल्डिंग के कमरा नंबर 127 में सुबह नौ बजे से दोपहर तीन बजे तक बुधवार को दिव्यांग प्रमाणपत्र बनाने का कार्य किया जाता है।
डॉ. कृष्ण कुमार ने बताया कि दिव्यांग अपना ऑनलाइन यूडीआईडी बनवाने के लिए ओपीडी की पर्ची कटवाने के बाद स्वावलंबन कार्ड डॉट जीओवी डॉट इन पोर्टल पर आवेदन कर दें। यह कार्य किसी भी सीएससी से किया जा सकता है।
- ये चाहिए दस्तावेज
यूडीआईडी कार्ड बनवाने के लिए आधार कार्ड, परिवार पहचान पत्र, पांच फुल बॉडी फोटो, ओपीडी स्लिप, पुराना ऑफलाइन बना हुआ दिव्यांगता प्रमाणपत्र अपलोड करवाना जरूरी है। कार्ड बनने के बाद दिव्यांगता प्रतिशत के आधार पर दिव्यांगजनों को समाज कल्याण विभाग से पेंशन, सरकारी नौकरियों में आरक्षण जैसी सुविधाओं का लाभ मिलता है।