चरखी दादरी। जिले में लागू की जा रही जगमग योजना मानसून की बारिश के कारण धीमी पड़ गई है। वर्ष 2022 में शुरू की गई इस योजना के तहत जिले के 168 गांवों को 24 घंटे बिजली आपूर्ति की व्यवस्था से जोड़ना है, लेकिन अब तक केवल 90 गांवों में ही काम पूरा हो पाया है।बारिश के चलते तकनीकी काम प्रभावित हुआ है, जैसे नई केबल बिछाना, पोल लगाना और मीटरों को घरों से बाहर शिफ्ट करना। वर्तमान में योजना की रफ्तार धीमी होने से तय समय सीमा में कार्य पूरा होना मुश्किल नजर आ रहा है।
24 घंटे बिजली की शर्त: 20 फीसदी से कम लाइनलोस
जगमग योजना के तहत केवल उन्हीं गांवों को 24 घंटे बिजली दी जाती है, जहां लाइनलोस 20 प्रतिशत या उससे कम हो। पहले यह आंकड़ा 60-70 फीसदी तक था, जो अब घटकर 40-45 फीसदी तक आ गया है। लाइनलोस को और कम करने के लिए बिजली निगम की टीमें नियमित छापे मार रही हैं। बिजली चोरी रोकने और बकायेदारों से वसूली के प्रयास भी तेज कर दिए गए हैं।
शहर के साथ 15 गांव योजना में शामिल
बिजली निगम सिटी के तहत शहर के अलावा 15 गांव भी योजना में शामिल हैं। इनमें रावलधी, गौरीपुर, कितलाना, पैतावास कलां, अजीतपुर, डोहकी, मानकावास आदि में कार्य पूरा किया जा चुका है। जिले में कुल 1.70 लाख बिजली उपभोक्ता हैं। एसडीओ राकेश कुमार का कहना है कि जगमग योजना का मुख्य उद्देश्य बिजली चोरी रोकना, लाइनलोलॉस घटाना और राजस्व बढ़ाना है, जहां उपभोक्ता सहयोग करते हैं, वहां सुधार भी जल्दी दिख रहा है।