चरखी दादरी। दूसरे प्रदेशों से आकर झुग्गी-झोपड़ी में रहने वाले प्रवासियों को एक सप्ताह के समय में पुलिस सत्यापन कराना होगा। साथ ही भूमि मालिकों को किराये पर झुग्गी देने व उनमें रहने वाले लोगों का ब्योरा देना होगा। पुलिस ने आमजन से सहयोग की अपील की है। एसपी नितिका गहलोत ने कहा कि प्रवासियों के सत्यापन में किसी भी प्रकार की कोताही न बरतें।
पुलिस अधीक्षक नितिका गहलोत ने आमजन से अपील करते हुए कहा कि असामाजिक गतिविधियों पर नियंत्रण पाने के लिए अन्य प्रदेशों से आकर झुग्गी- झोपड़ियों में रहने वाले लोगों का पुलिस सत्यापन करा आमजन पुलिस का सहयोग करें। क्योंकि कुछ आपराधिक किस्म के व्यक्ति जो बाहर से आकर किराये पर रहकर अपराध को अंजाम देकर भाग जाते हैं। ऐसे में उनका रिकार्ड ना तो मकान मालिक के पास होता और ना पुलिस के पास होता है। इसलिए कड़ी सुरक्षा के तहत इस मुद्दे को गंभीरता से लेते हुए बाहर से आए हुए प्रवासी किरायेदारों की सत्यापन रिपोर्ट करवाकर संबधित पुलिस थाना में रिकार्ड जमा करवाने में पुलिस का सहयोग करें।
उन्होंने कहा कि शहर की जमीन पर झुग्गी-झोपड़ियों में रहने वाले लोगों को भी पुलिस सत्यापन कराना होगा। इसके लिए अपना आधार कार्ड, फैमिली आईडी, राशन कार्ड व अन्य दस्तावेज पुलिस थाना, चौकी में देकर सत्यापन करा सकते हैं। कोताही बरतने वाले लोगों पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जिला के सभी व्यापारिक संस्थान, औद्योगिक संस्थान, फैक्ट्रियां, ढाबा व रेस्टोरेंट व ठेकेदारों के पास जितने भी बाहरी राज्यों के कर्मचारी हैं, उनकी पुलिस वेरिफिकेशन करवा कर ही काम पर रखें। इसका रिकॉर्ड संबंधित थाना चौकी में भी जमा करवाएं। जो लोकल लोग काम कर रहे हैं उनका आधार कार्ड भी मालिक के पास होना चाहिए ताकि जरूरत के समय इसका प्रयोग किया जा सके।