ट्यूबवेल कनेक्शन के लिए किसान का सात साल का इंतजार खत्म होने वाला है। बिजली निगम ने किसानों को ट्यूबवेल कनेक्शन के लिए सिक्योरिटी जमा करवाने के लिए मांग नोटिस भेज दिए हैं, ताकि उनके कनेक्शन जल्द ही जारी हो सके। जिले में करीब 515 किसानों को डिमांड नोटिस भेजे गए हैं। इन किसानों ने कनेक्शन के लिए 2014 में आवेदन किया था। कनेक्शन किसी एजेंसी या ठेकेदार के माध्यम से जारी करवाए जाएंगे।
जिले में 62 हजार किसान हैं। बाढड़ा, झोझूकलां एरिया पूरी तरह से रेतीला है। इसके अलावा दादरी ब्लॉक और बौंद कलां ब्लॉक में कुछ क्षेत्र रेतीला है, जहां जमीनी पानी काफी नीचे हैं। कई गांवों में तो 400 फुट नीचे तक जमीनी पानी है। इन क्षेत्रों में बिजली की दो मीटरें लगाकर पानी का उठान करना पड़ता है। डार्क जोन में तो किसान ट्यूबवेल पर सोलर प्लेट भी लगवाने लगे हैं डार्क जोन में भूमिगत जलस्तर 500 फुट तक नीचे हैं। 2014 से बिजली ट्यूबवेल कनेक्शन दिए जाने की प्रक्रिया बंद थी। किसानों ने कनेक्शन के लिए निगम कार्यालयों में फाइलें लगा रखी थी, लेकिन कनेक्शन जारी नहीं हो पा रहे थे। अब सात साल बाद किसानों की उम्मीद जगी है। बिजली निगम ने कनेक्शन देने के लिए प्रक्रिया शुरू कर दी है। अब इन किसानों को नोटिस के माध्यम से सिक्योरिटी जमा करवाने को कहा गया है। जिला में करीब 515 किसानों को कनेक्शन देने के लिए मांग नोटिस भेजे गए हैं।
टेंडर के जरिए जारी होंगे कनेक्शन
सिक्योरिटी जमा करने की प्रक्रिया पूरी होने के बाद किसानों को टेंडर के माध्यम से कनेक्शन जारी किए जाएंगे। किसी एजेंसी या ठेकेदार को यह काम सौंपा जाएगा ताकि जल्दी ही कनेक्शन जारी हो सकें।
जिन किसानों ने ट्यूबवेल कनेक्शन के लिए फाइल जमा करवा रखी थी उनको मांग नोटिस भेजकर सिक्योरिटी जमा करवाने को कहा गया है। जैसे ही सिक्योरिटी जमा करवाने की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी कनेक्शन जारी करवा दिए जाएंगे।
सुमित यादव, एक्सईएन, बिजली निगम॥
फोटो-11 बिजली निगम कार्यालय