चरखी दादरी। चुनाव प्रक्रिया के दौरान शॉर्ट मैसेज सर्विसेज (एसएमएस) का दुरुपयोग करना गैर कानूनी है। ऐसा करने वाले व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त राहुल नरवाल ने कहा कि कुछ लोग अपने निहित स्वार्थों की पूर्ति के लिए चुनाव के समय आपत्तिजनक एसएमएस भेज देते हैं जिससे कि स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण चुनाव प्रक्रिया को नुकसान पहुंचता है। उन्होंने कहा कि आपत्तिजनक एसएमएस चुनाव विधि के विभिन्न प्रावधानों और आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन माना गया है।
उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग के निर्देशानुसार अगर किसी के मोबाइल फोन पर किसी राजनीतिक दल अथवा उम्मीदवार की ओर से इस प्रकार का एसएमएस मिलता है तो उसकी शिकायत पुलिस को करें। पुलिस इस आधार पर जांच करेगी कि आपत्तिजनक एसएमएस भेजने वाले वास्तविक व्यक्ति तक पहुंचकर उस पर कार्रवाई करेगी। ऐसा करने पर भारतीय दंड संहिता, जनप्रतिनिधि अधिनियम 1991 और चुनाव नियम 1961 के प्रावधानों के तहत केस दर्ज किया जाएगा।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि चुनाव प्रचार समयावधि के अनुसार इस प्रकार के थोक में एसएमएस भेजने की जानकारी निर्वाचन अधिकारी को मिलती है तो यह मामला मुख्य चुनाव अधिकारी के संज्ञान में लाया जाएगा और इस पर आने वाले खर्च को संबंधित उम्मीदवार के खर्च में जोड़ दिया जाएगा। मतदान समाप्त होने तक थोक में राजनीतिक एसएमएस भेजना मना है। उन्होंने कहा कि मोबाइल सर्विस प्रोवाइडर को भी इस बात पर विशेष ध्यान रखना होगा।