-वर्ष 2023 में नेवी में पायलट की भर्ती कराने के नाम पर की गई थी ठगी, एक आरोपी को पहले गिरफ्तार कर चुकी है पुलिस
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। साइबर क्राइम पुलिस ने नेवी में पायलट की भर्ती करवाने का झांसा देकर 41.50 लाख रुपये ठगने के मामले में दूसरे आरोपी राजस्थान के सीकर जिले के दांता निवासी मांगीलाल को गिरफ्तार किया है।
पुलिस प्रवक्ता योगेश कुमार ने बताया कि 19 जून 2024 को पुलिस को एक शिकायत मिली। इसमें पीड़ित ने बताया कि अक्तूबर 2023 को उसके पास ओम चौधरी से इंस्टाग्राम पर रिक्वेस्ट और मैसेज आया। दो दिन बात होने के बाद दोनों ने एक-दूसरे को अपने मोबाइल नंबर दे दिए। इंस्टाग्राम पर रिक्वेस्ट भेजने वाले व्यक्ति ने अपना नाम कैप्टन ओमप्रकाश निवासी गांव कर्णपुरा ब्लॉक दांतारामगढ़ जिला सीकर बताया। उसने कहा कि वह इंडियन नेवी में पायलट रेस्क्यू डिपार्टमेंट से है। नेवी में नौकरी करने के फर्जी डॉक्यूमेंट, एनडीए कार्ड दिखाकर और फर्जी वर्दी पहनकर पीड़ित और उसके परिवार का विश्वास जीत लिया। बाद में कहा कि आपकी नेवी में पायलट की नौकरी लगवा दूंगा।
बाद में 28 दिसंबर 2023 से पायलट के लिए एडमिशन के नाम से पैसे लेना शुरू किया। जनवरी 2024 को उसने गवर्नमेंट फ्लाइंग स्कूल, जैकुरू, बेंगलूरू का फार्म भरवाया। इसके साथ दस्तावेज की प्रतियां, हस्ताक्षर तथा बैंक पास बुक की फोटोकॉपी, पीड़ित के पिता की बैंक खाता डिटेल व हस्ताक्षर भी ले लिए। 28 दिसंबर से मार्च 2024 तक पायलट के दाखिले के बहाने रुपये ट्रांसफर करवाता रहा।
जनवरी 2024 के अंत में सीडीएस की फर्जी लिस्ट में नाम दिखाया और फर्जी ज्वाइनिंग लेटर ई-मेल के माध्यम से भेजा। पीड़ित ने अपने खाते से 19,28,860 रुपये और पिता से 9,00,220 रुपये, 7,02,150 रुपये और बहन के खाते से 6,19,610 रुपये उस व्यक्ति को दे दिए। 23 मार्च 2024 को पीड़ित और उसके परिवार ने उस व्यक्ति से संपर्क करने की कोशिश की तो उसने अपना फोन बंद कर लिया।
इसके बाद शिकायत के आधार पर पुलिस ने 13 मई 2025 को आरोपी ओमप्रकाश पुत्र रिछपाल वासी गोठडा तगेलान जिला सीकर को सिक्किम से गिरफ्तार किया था। 7.50 लाख रुपये भी बरामद किए। अब पुलिस ने खाताधारक मांगीलाल को काबू किया। कोर्ट में पेश कर आदेश मिलने पर आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजा गया।