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Charkhi Dadri News: 95 प्रतिशत कृषि क्षेत्र में होगी रबी फसल की बिजाई

Sat, 05 Oct 2024 03:13 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
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- 1,22,358 हेक्टेयर है जिले का कुल कृषि योग्य रकबा, 1.17 लाख हेक्टेयर पर किसान करेंगे विभिन्न फसल की बिजाई
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- किसान 20 अक्तूबर के बाद सरसों और नवंबर प्रथम सप्ताह में कर सकेंगे गेहूं की बिजाई
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। जिले में इस बार रबी सीजन में 95 प्रतिशत क्षेत्र में बिजाई हो सकेगी। जिला का कुल कृषि योग्य रकबा 1,22,358 हेक्टेयर क्षेत्र है। इसमें से 1.17 लाख हेक्टेयर में फसल की बिजाई होने की संभावना है। सरसों का रकबा सर्वाधिक रहने की उम्मीद है।
कृषि विशेषज्ञों की मानें तो किसानों की नकदी माने जाने वाली सरसों की बिजाई का आंकड़ा 55 हजार हेक्टेयर क्षेत्र तक पहुंचने का अनुमान है। रबी की दलहन चना की खेती के प्रति किसानों का रुझान कम हो गया है। गेहूं का रकबा भी सामान्य से कम रहने का अनुमान है।
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गांव इमलोटा, बौंदकलां, मिसरी, जयश्री, बिरहीकलां, भागवी, कंहेटी, सरूपगढ़, साहुवास, फतेहगढ़, घिकाड़ा व पांडवान सहित करीब 15 गांवों में गेहूं की बिजाई ज्यादा क्षेत्र में होने का अनुमान है। 20 अक्तूबर के बाद सरसों व नवंबर प्रथम सप्ताह में गेहूं की बिजाई की जा सकेगी।
गांव बिरही कलां में जलभराव की वजह से करीब 100 एकड़ जमीन पर रबी की फसल की बिजाई नहीं हो पाती थी। इस बार पूरे रकबे में बिजाई संभव हो सकेगी। इस गांव का रकबा भी तराईयुक्त है।
इसी प्रकार गांव पांडवान में भी जलभराव से करीब 100 एकड़ जमीन बिजाई से वंचित रहती थी, इस बार जलभराव कम होने की वजह से रबी की फसल की बिजाई हो सकेगी।

- मिसरी में बिजाई रकबा 600 तो बौंद में 500 एकड़ बढ़ने की उम्मीद
गांव मिसरी में भी जलभराव से हर साल हालात खराब होते रहे हैं। इस बार करीब 600 एकड़ जमीन पर अतिरिक्त बिजाई होने की उम्मीद है। इसी प्रकार बौंदकलां क्षेत्र में भी करीब 500 एकड़ से ज्यादा क्षेत्र में रबी की फसल की बिजाई नहीं हो पाती थी। इस क्षेत्र में जलभराव का सबसे ज्यादा प्रभाव बना रहता था। इसी प्रकार गांव भागवी, सरूपगढ़, कंहेटी, मोरवाला सहित आसपास के कई गांवों में भी बिजाई से काफी जमीन वंचित रह जाती थी। इन गांवों में भी रबी की बिजाई हो सकेगी। इस प्रकार जिले में करीब साढ़े तीन हजार एकड़ जमीन पर मौजूदा रबी सीजन में अतिरिक्त बिजाई हो सकेगी।



- इमलोटा गांव की पूरी कृषि योग्य जमीन पर होगी बिजाई
गांव इमलोटा में करीब 600 एकड़ से ज्यादा जमीन पर जलभराव की वजह से बिजाई नहीं हो पाती थी। ज्यादा मात्रा में जलभराव होने की वजह से किसान गेहूं की पछेती बिजाई भी नहीं कर पाते थे। इस बार पूरी सीमा में बिजाई हो सकेगी। किसान सुंदर, संजीव व रविंद्र का कहना है कि इस बार रबी की फसल की बिजाई आसानी से जाएगी। इस बार जलभराव की इतनी समस्या नहीं बनी। इस बार पूरा रकबा में बिजाई हो सकेगी। इस बार 95 प्रतिशत से ज्यादा क्षेत्र में बिजाई होने का अनुमान है।
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वर्सन:
इस बार मानसून की बारिश सामान्य ही रही है। तकरीबन रकबा में रबी की फसल की बिजाई हो सकेगी। किसान 20 अक्तूबर के बाद तापमान सामान्य आने के बाद सरसों की बिजाई कर सकते हैं।

-डॉ. जितेंद्र सिहाग, बीएओ, कृषि विभाग
फोटो- 29
सरसों की बिजाई के लिए तैयार किया खेत। संवाद
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