चरखी दादरी। फतेहगढ़ गांव के जलघर का जनस्वास्थ्य विभाग जीर्णोद्धार कराएगा। इस पर करीब साढ़े तीन करोड़ रुपये लागत आएगी। सांसद धर्मबीर सिंह की संस्तुति पर सरकार ने पेयजल परियोजना को मंजूर कर दिया है। अब विभाग जल्द ही आगामी औपचारिकताएं पूरी कर धरातल पर काम शुरू करवाएगा। वहीं, परियोजना पर काम पूरा होने के बाद करीब चार हजार की आबादी को शुद्ध पेयजल मिलेगा।
फतेहगढ़ गांव में जलघर करीब सात दशक पुराना है। संयुक्त हरियाणा-पंजाब के समय तत्कालीन मुख्यमंत्री प्रताप सिंह कैरो ने जलघर का उद्घाटन किया था। उस दौरान यह क्षेत्र का पहला जलघर था। इसके बाद नियमित रख-रखाव के अभाव में पिछले करीब साढ़े तीन दशक से जलघर बदहाल पड़ा है। दूसरी ओर इसके चलते ग्रामीण पिछले तीन दशक से पेयजल समस्या का दंश झेल रहे हैं। ग्रामीणों ने जनप्रतिनिधियों के समक्ष कई बार इस समस्या को प्रमुखता से उठाया है।
ग्रामीणों की समस्याओं का संज्ञान लेकर सांसद धर्मबीर सिंह ने जनस्वास्थ्य विभाग को जलघर के जीर्णोद्धार और पेयजल ढांचा में सुधार का एस्टीमेट तैयार करने के निर्देश दिए थे। सांसद के निर्देशों पर विभाग की ओर से साढ़े तीन करोड़ का एस्टीमेट तैयार कर मंजूरी के लिए शासन के पास भेजा गया था। सांसद धर्मबीर सिंह ने बताया कि फतेहगढ़ गांव की पेयजल परियोजना को सरकार ने मंजूर कर दिया है। प्रयास रहेगा कि जल्द से जल्द धरातल पर काम शुरू करवाकर लोगों को राहत दी जाए।