चरखी दादरी। सरकारी विद्यालयों में डिजिटल शिक्षा को नई दिशा देने के उद्देश्य से संपर्क फाउंडेशन की ओर से विकसित संपर्क टीवी बॉक्स को और अधिक आधुनिक एवं प्रभावी बनाया गया है।
इसके नए संस्करण में विद्यार्थियों की सीखने की क्षमता को बढ़ाने के लिए सीबीएसई की कम्प्यूटेशनल थिंकिंग को भी शामिल किया गया है। इससे बच्चे प्रारंभिक स्तर से ही तार्किक सोच, समस्या समाधान और रचनात्मकता जैसे महत्वपूर्ण कौशल विकसित कर सकेंगे।
संपर्क फाउंडेशन के जिला समन्वयक रविंद्र कुमार ने जिले के तीनों शिक्षा खंडों दादरी, बौंद कलां और बाढ़ड़ा के चयनित विद्यालयों के शिक्षकों को नवीन डिजिटल सामग्री के प्रभावी उपयोग का प्रशिक्षण दिया। प्रशिक्षण के दौरान शिक्षकों को संपर्क टीवी बॉक्स के नए फीचर्स, अद्यतन डिजिटल कंटेंट तथा कक्षा शिक्षण में इसके बेहतर उपयोग की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
147 संपर्क टीवी बॉक्स दिए
जिले के तीनों खंडों के विभिन्न सरकारी विद्यालयों में कुल 147 संपर्क टीवी बॉक्स उपलब्ध कराए गए हैं। इन उपकरणों के माध्यम से कक्षा पहली से पांचवीं तक के संपूर्ण पाठ्यक्रम को आकर्षक एनिमेटेड वीडियो के रूप में तैयार किया गया है।
इससे विद्यार्थियों के लिए पढ़ाई अधिक सरल, रोचक और सहभागितापूर्ण होगी। नए शैक्षणिक सत्र और संशोधित पाठ्यक्रम के अनुरूप सभी विषयों की सामग्री को भी अद्यतन किया गया है।
अंग्रेजी विषय में इस बार व्याकरण (ग्रामर) को नए स्वरूप में शामिल किया गया है जिससे विद्यार्थियों की भाषा दक्षता और संप्रेषण कौशल को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी। वहीं बच्चों की निरंतर रुचि बनाए रखने के लिए तेज दिमाग और ‘बी-फिट’ जैसी गतिविधियों को भी जोड़ा गया है।
इन गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों के मानसिक विकास, तार्किक क्षमता, एकाग्रता और शारीरिक सक्रियता को बढ़ावा मिलेगा, जिससे वे पढ़ाई के दौरान अधिक उत्साह के साथ सीख सकेंगे।
शिक्षकों ने बताया उपयाेगी
प्रशिक्षण कार्यक्रम में शिक्षकों ने संपर्क टीवी बॉक्स की नई सुविधाओं की सराहना करते हुए इसे कक्षा शिक्षण के लिए बेहद उपयोगी बताया। उनका कहना था कि एनिमेशन आधारित शिक्षण सामग्री और गतिविधि आधारित शिक्षण पद्धति से विद्यार्थियों की सहभागिता बढ़ेगी तथा सीखने के परिणामों में भी सकारात्मक सुधार देखने को मिलेगा।
वर्सन:
संपर्क फाउंडेशन का यह प्रयास राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के उद्देश्यों के अनुरूप विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण, तकनीक आधारित और आनंददायक शिक्षण वातावरण उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। - रविंद्र कुमार, जिला समन्वयक, संपर्क फाउंडेशन।