सी-34 फाट पर बनने वाले अंडरपास का निर्माण कार्य शुरू नहीं होने से खफा गांधी नगर के लोग रविवार सुबह रेलवे ट्रैक पर उतर आए। हालांकि ट्रैक को पुलिस ने तुरंत खाली करवा लिया और इसके बाद विधायक राजदीप फौगाट के नेतृत्व में लोग प्लेटफार्म नंबर एक पर जाकर बैठ गए। मौके पर पहुंचे सीटीएम जितेंद्र सिंह और पीडब्ल्यूडी एसडीओ लोकेश डागर ने सात सितंबर तक काम शुरू कराने का लिखित आश्वासन देकर लोगों को आश्वस्त किया। रेलवे प्लेटफार्म पर बैठे लोगों को मनाने में प्रशासन को चार घंटे का समय लग गया।
ज्ञात रहे कि मुख्यमंत्री मनोहरलाल ने सितंबर 2016 को गांधी नगर की लोगों की सुविधाओं के लिए अंडरपास निर्माण की घोषणा की थी। निर्माण कार्य शुरू न होने पर विधायक के नेतृत्व में लोग पांच नवंबर 2017 को रेलवे ट्रैक पर उतर आए थे। उस दौरान करीब तीन घंटे तक विधायक सहित कुछ पार्षद व गांधी नगर के लोग रेलवे ट्रैक पर डेरा डाले रहे थे। इसके बाद से ही लोग लगातार अंडरपास निर्माण का कार्य शुरू कराने की मांग उठा रहे हैं। लेकिन प्रशासन के बार-बार आश्वासन देने के बाद भी धरातल पर काम शुरू नहीं हो पया है। इससे खफा गांधी नगर के लोगों ने रविवार को मुख्यमंत्री मनोहर लाल का विरोध करने या रेलवे ट्रैक पर उतरने की चेतावनी दी थी। चेतावनी के मद्देनजर रेलवे पुलिस और जिला प्रशासन अलर्ट रहा।
करीब सुबह दस बजे गांधी नगर के लोग प्लेटफार्म की तरफ बढ़ने के लिए घरों से चल पड़े। गांधी नगर मोड़ पर तैनात पुलिस कर्मियों ने उन्हें आगे नहीं बढ़ने दिया। इसके बाद लोग गलियों से होते हुए पहले प्लेटफार्म और रेलवे ट्रैक पर उतर आए। हालांकि कुछ देर में ही पुलिस फोर्स ने लोगों को रेलवे ट्रैक से हटा दिया। हालांकि इस दौरान कोई ट्रेन सेवा बाधित नहीं हुई। पुलिस के ट्रैक खाली कराने पर गांधी नगर के लोग उठकर प्लेटफार्म नंबर एक पर आकर बैठ गए। इसी दौरान विधायक राजदीप फौगाट भी गलियों में से होते हुए प्लेटफार्म पर पहुंच गए। सुबह साढ़े से दोपहर डेढ़ बजे तक लोगों ने दो बार और ट्रैक पर पहुंचे, लेकिन पुलिस कर्मियों ने दोनों बार ट्रैक तुरंत खाली करवा लिया। मौके पर पहुंचे सीटीएम जितेंद्र सिंह ने अंत में लोगों की मांग पर सात सितंबर तक अंडरपास निर्माण का काम शुरू कराने का लिखित आश्वासन दिया। इसके बाद दोपहर दो बजे लोग अपने घरों की ओर लौट गए।
गत 30 अगस्त को ओपन हुआ है टेंडर
पीडब्ल्यूडी एसडीओ लोकेश डागर ने बताया कि चार बार पहले भी विभाग टेंडर लगा चुका है, लेकिन किसी एजेंसी ने आवेदन नहीं किया। इसके चलते पांचवां टेंडर लगाया गया था, जो गत 30 अगस्त को ओपन हुआ है। अलॉटमेंट प्रक्रिया पूरी करने के लिए फाइल चंडीगढ़ भेज रखी है। अगले दो-तीन दिन दमें ही अलॉटमेंट प्रक्रिया सिरे चढ़ने की उम्मीद है। इसके तत्काल बाद वर्क ऑर्डर जारी कर सात सितंबर तक काम शुरू करवा दिया जाएगा।
एसडीओ ने लिखा ये अंतिम आश्वासन, सीटीएम ने भी किए हस्ताक्षर
सीटीएम जितेंद्र सिंह ने अंडरपास निर्माण का कार्य जल्द शुरू कराने का आश्वासन देते हुए प्रदर्शन खत्म करने की अपील की। इस पर विधायक राजदीप व पार्षद महेश गुप्ता ने कहा कि तत्कालीन एसडीएम ओमप्रकाश देवराला, सतबीर कुंडू, तत्कालीन सीटीएम मनीष फौगाट भी लिखित में काम शुरू कराने का आश्वासन दे चुके हैं और प्रशासन के आश्वासनों पर अब लोग विश्वास नहीं कर रहे हैं। एसडीओ के लिखित आश्वासन में लोगों ने लिखवाया कि यह प्रशासन की तरफ से अंतिम आश्वासन है। इस आश्वासन पत्र पर सीटीएम जितेंद्र सिंह ने भी हस्ताक्षर किए।
प्लेटफार्म पर बैठे लोगों को रोकने के लिए बनाया पुलिस ने घेरा
प्लेटफार्म पर गांधी नगर के करीब 70 लोग पहले ही पहुंच गए थे। इसके बाद भी लोगों के पहुंचने का सिलसिला जारी रहा। पुलिस कर्मियों ने बढ़ती तादाद को देखते हुए लोगों को प्लेटफार्म पर आने से रोक दिया। इसके चलते विधायक और अन्य लोग प्लेटफार्म से उठकर रेलवे लाइनों की तरफ बढ़ने लगे। उन्हें समझा-बुझाकर अधिकारियों ने शांत करवाया और इसके बाद पुलिस कर्मी प्लेटफार्म पर बैठे लोगों के तीन तरफ घेरा बनाकर खड़े हो गए। दोपहर 12 से लेकर दो बजे तक 47 पुलिसकर्मचारी घेरा बनाए खड़े रहे, ताकि लोग ट्रैक की तरफ न जाने पाए।
इनेलो विधायक दल के नेता राजदीप फौगाट ने कहा कि सात सितंबर तक अंडरपास निर्माण कार्य शुरू कराने का आश्वासन हमें सीटीएम और एसडीओ ने दिया है। इस आश्वासन पर ही लोग अपने घरों की ओर लौट गए। अगर सात सितंबर तक काम शुरू नहीं हुआ तो फिर लोग किसी की नहीं सुनेंगे।