चरखी दादरी। वार्ड-17 में एक करोड़ रुपये खर्च कर बनाए पार्क का निर्माण पूरा होने के बावजूद अब तक हरियाली गायब है। नगर परिषद अधिकारी पांच दिन पहले इस पार्क का आनन-फानन में उद्घाटन भी करवा चुके हैं, लेकिन यहां हरियाली के लिए न तो पौधे लगे हैं और न ही घास। नवनिर्मित पार्क में इस समय हरियाली की कमी खल रही है।
नगर परिषद ने वार्ड-17 में हरियाणा स्वर्ण जयंती के तहत शहर का दूसरा बड़ा पार्क बनवाया है। इसके निर्माण पर करीब एक करोड़ रुपये लागत आई है। पार्क निर्माण की योजना पांच साल बाद सिरे चढ़ी है। करीब दो सालों से पार्क का निर्माण कार्य चल रहा है, जो अब पूरा हुआ है, लेकिन अमर उजाला की पड़ताल में सामने आया कि पार्क की एक दीवार का निर्माण भी अभी नहीं हुआ है। नप सूत्रों के अनुसार कोर्ट केस के चलते इस दीवार का निर्माण रुका हुआ है और इसके अलावा एजेंसी पार्क में अन्य काम लगभग पूरा कर चुकी है। पार्क में हरियाली का प्रबंध भी एजेंसी की तरफ से किया जाना था, लेकिन अब तक ऐसा नहीं किया गया है। नप कार्यकारिणी का कार्यकाल पूरा होते देख नप अधिकारियों ने चेयरमैन संजय छपारिया और पार्षदों की मौजूदगी में इस पार्क का आनन फानन में उद्घाटन करवा दिया। उस दौरान भी घास, पौधों और फूलों की कमी की ओर किसी ने ध्यान नहीं दिया।
20 हजार लोगों को मिलेगा पार्क का फायदा
इस पार्क निर्माण से पहले शहर की 90 हजार की आबादी अकेले रोज गार्डन पर निर्भर थी। वार्ड-17 में शहर का दूसरा बड़ा पार्क बनवाया गया है, जिसका निर्माण लंबे समय के बाद पूरा हुआ है। पार्क निर्माण से समीपवर्ती 10 कॉलोनियों के 20 हजार लोगों का फायदा मिलेगा। फिलहाल यहां हरियाली न होने से लोग भी आने से कतरा रहे हैं।
झूलों और ट्रैक की ही है सुविधा
पार्क में केवल झूलों और ट्रैक की सुविधा है। पार्क में 15 से अधिक झूले और शारीरिक अभ्यास के लिए मशीनें लगाई जा चुकी हैं। इसके बावजूद घास, पौधों और फूलों की कमी के चलते यहां पार्क जैसा लुक नहीं आ रहा है।
कोर्ट केस के चलते लंबे समय तक रुका रहा निर्माण
नगर परिषद की पहली बैठक में ही पार्क निर्माण का प्रस्ताव पास हुआ था। इससे पहले यह जमीन नप के पूर्व कर्मचारियों को अलॉट करने का प्रस्ताव पास किया गया था। पार्क निर्माण की योजना पर काम शुरू होते ही यह मामला न्यायालय में पहुंच गया और इसके चलते लंबे समय तक पार्क का निर्माण कार्य रुका रहा। अब निर्माण कार्य पूरा होने के बाद एजेंसी और नप अधिकारी हरियाली की ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं।
पार्क में झूलों, ट्रैक, बैंच और लाइटों की व्यवस्था कर दी गई है जबकि एजेंसी से कहकर यहां हरियाली और अच्छी किस्म की घास जल्द लगवा दी जाएगी। बीस हजार से अधिक लोगों को पार्क निर्माण का फायदा मिलेगा।
- सुमन देवी, निवर्तमान पार्षद, वार्ड-17