अचीना गांव में ग्राम पंचायत की ओर से लगाया गया नशा मुक्त गांव का बोर्ड और मौके पर पहुंचे एसपी अ
चराखी दादरी। जिला पुलिस के मेरा गांव-नशा मुक्त गांव अभियान से जुड़कर अचीना, भागेश्वरी, झिंझर व रानीला गांव भी नशा मुक्त घोषित हो गए हैं। वीरवार को एसपी अर्श वर्मा इन गांवों के लोगों के बीच पहुंचे और उन्होंने युवाओं से संवाद भी किया। एसपी ने गांव को नशा मुक्त बनाने में पूरा सहयोग करने के लिए ग्राम पंचायतों को बधाई दी जबकि युवाओं को नशा बेचने वालों की सूचना पुलिस को देने के लिए प्रेरित किया।
जिला पुलिस की मेरा गांव-नशा मुक्त गांव मुहिम रंग ला रही है। जिले के 170 में से अब तक 115 गांव नशा मुक्त घोषित हो चुके हैं। एसपी ने बताया कि चारों गांवों की ग्राम पंचायतों ने अपने गांव को न केवल नशामुक्त किया बल्कि नशा मुक्त गांव होने का बोर्ड भी लगाया है। अचीना, भागेश्वरी, झिंझर और रानीला के सरपंच प्रतिनिधियों और ग्रामीणों के साथ आयोजित बैठक में एसपी ने कहा कि हमें जिले व सभी गांवों को नशे से आजादी दिलानी है। इसके लिए जरूरी है कि हम सब एकजुट होकर इस मुहिम में कदम बढ़ाएं। हर नागरिक की यह जिम्मेदारी है कि वह इस पहल में अपना योगदान दे।
उन्होंने कहा कि इसके साथ ही दादरी पुलिस युवाओं को खेल गतिविधियों में भाग लेकर खेलों के लिए प्रेरित कर रही है। वहीं, पुलिस नशे की लत से ग्रस्त लोगों की पहचान कर उनका उपचार करवाने की भी कोशिश कर रही हैं। अगर आपके आस-पास कोई ऐसा व्यक्ति है, तो उसे मदद करने से न हिचकिचाएं।
ग्राम प्रहरी सतर्क रहकर करें निगरानी
एसपी ने कहा कि जिले के प्रत्येक गांव में पुलिस की ओर से ग्राम प्रहरी नियुक्त किए गए हैं। ये सभी नशा करने वाले लोगों की पहचान कर जानकारी एकत्रित कर रहे हैं ताकि उनका उपचार करवाया जा सके। इसके अलावा एसपी ने ग्राम प्रहरियों को सतर्क रहने के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने कहा कि मादक पदार्थ बेचने वाले की जानकारी मिलते ही पुलिस तत्काल कार्रवाई करेगी।