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Charkhi Dadri News: मंत्री जी, अंग्रेजी में किमै लिखकै दस्तक ले हैं करवा...हम रहगै अंगुठा छाप

Tue, 28 Feb 2023 01:00 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
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कष्ट निवारण समिति की बैठक में मौजूद राज्यमंत्री अनूप धानक, विधायक सोमबीर, डीसी प्रीति, एडीसी अन
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चरखी दादरी। मंत्री जी, हम अंगुठा छाप हैं। कंपनी आलै अंग्रेजी में किमै लिखकै म्हारे दस्तक करवा ले हैं। आप मौके पर चलकै देखो, तार भी वहीं हैं और मेरा घर भी। आपने न्याय नहीं किया तो मेरा परिवार बेघर हो जाएगा। बडराई निवासी जोगेंद्र ने सोमवार को आयोजित कष्ट निवारण समिति की बैठक में राज्यमंत्री अनूप धानक के सामने अपना परिवाद रखते हुए यह मार्मिक बात कही। जोगेंद्र ने टाटा पावर कंपनी पर बिजली लाइन डालने से हुए नुकसान का मुआवजा दिलाने की मांग की। दूसरी ओर कंपनी प्रतिनिधि के गुमराह करने पर राज्यमंत्री का पारा हाई हो गया और उन्होंने कंपनी प्रतिनिधि के खिलाफ मामला तक दर्ज करने के निर्देश दे डाले। बैठक में मंत्री ने प्रस्तावित 16 परिवादों के अलावा 40 से अधिक शिकायतों की सुनवाई की।
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लघु सचिवालय सभागार में आयोजित कष्ट निवारण समिति की बैठक दोपहर 1:20 पर शुरू हुई। पहला परिवार उण निवासी धर्मेंद्र का छोटे बच्चे से स्कूल परिसर में हुई मारपीट का रहा। यह परिवाद इससे पहली बैठक में भी शामिल था और उस दौरान राज्यमंत्री ने बाढड़ा डीएसपी को जांच का आदेश दिया था। डीएसपी देशराज ने बताया कि मुख्य अध्यापक पर लगाए गए जातिसूचक शब्द प्रयोग करने का आरोप सही नहीं पाया गया और दोनों पक्षों में समझौता भी हो गया है। यह तर्क सुनकर राज्यमंत्री ने इस परिवाद को ड्रॉप करवा दिया। दूसरा परिवार कन्हेटी निवासी रामकिशन का पेंशन से संबंधित रहा। परिवादी ने कहा कि उसके नाम कोई जमीन नहीं है और उसकी बुढ़ापा पेंशन नहीं बनाई जा रही है। राज्यमंत्री ने डीसी प्रीति को मामले की जांच करवाने के आदेश दिए। उन्होंने कहा कि अगर रामकिशन के नाम जमीन नहीं है तो इसकी पेंशन बनवाई जाए।
तीसरा परिवार पिचोपा खुर्द निवासी महेंद्र का रहा। उसने जमीन रिकॉर्ड में छेड़छाड़ करने का आरोप लगाया और राज्यमंत्री ने इस मामले की जांच के लिए चार सदस्यीय कमेटी गठित की जिसका सदस्य एडीसी, डीआरओ, एसडीएम और कष्ट निवारण समिति सदस्य राजेश द्वारका को बनाया गया। चौथा परिवाद दादरी निवासी अनिल कुमार का रहा और परिवादी बैठक कक्ष में नहीं पहुंचा। इस परिवाद को राज्यमंत्री ने ड्रॉप करवा दिया। पांचवां परिवाद बडराई निवासी जोगेंद्र का रहा और इसकी जांच का आदेश राज्यमंत्री ने दिया है।
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ढाणियों की बिजली आपूर्ति के लिए एक माह में लगाओ ट्रांसफार्मर
राज्यमंत्री अनूप धानक के समक्ष ढाणी गुजरान के ग्रामीणों ने बिजली संबंधी समस्या रखी। इस पर बिजली निगम अधिकारियों ने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि 16 घंटे इन ढाणियों को बिजली आपूर्ति की जा रही है। इस पर परिवादी ने ट्रांसफार्मर पर लोड ज्यादा होने का तर्क दिया। राज्यमंत्री ने बिजली निगम अधिकारियों को एक माह के अंदर बिजली ट्रांसफार्मर और पोल लगाने का आदेश दिया।
15 दिन में समाधान न हो तो डीसी मैम मुझे और सीएम को नोट लिखना
बैठक में वार्ड-14 के पार्षद सतबीर चौहान ने पेयजल संकट की समस्या रखी। इस पर राज्यमंत्री ने जन स्वास्थ्य विभाग के एक्सईएन से जवाब तलब किया। इसके बाद अनूप धानक ने डीसी प्रीति से कहा कि अगर 15 दिन में समस्या का समाधान न हो तो कष्ट निवारण समिति की बैठक का हवाला देते हुए एक्सईएन के खिलाफ मुझे और सीएम को नोट भेज देना। बैठक में लोहरवाड़ा के ग्रामीणों ने भी पेयजल संबंधी परिवाद रखा।
भाजपा-जजपा पदाधिकारियों में हुई जुबानी जंग
बैठक में जजपा और भाजपा पदाधिकारियों में जुबानी जंग और कटाक्ष भी देखने को मिले। एक परिवाद की जांच के लिए बनाई कमेटी में विधायक सोमबीर सांगवान ने पूर्व भाजपा जिला अध्यक्ष एवं कष्ट निवारण समिति सदस्य एडवोकेट रामकिशन शर्मा को शामिल करने का आग्रह किया, लेकिन जजपा जिला अध्यक्ष नरेश द्वारका के बाढड़ा हलके के सदस्य को शामिल करने की बात कह डाली। इसके चलते अनूप धानक ने एडवोकेट रामकिशन शर्मा को कमेटी में शामिल करने से इनकार कर दिया। इसके बाद एडवोकेट रामकिशन शर्मा खड़े हुए और उन्होंने कहा कि अब मैं इस परिवाद की जांच के लिए गठित कमेटी का हिस्सा नहीं बनूंगा। जजपा आले रौला नै आपणै पैर में रखना चाहवै सै।
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इन मामलों की भी हुई सुनवाई
. रानीला निवासी रमेश भारद्वाज ने अधिकारियों पर उसकी पेंशन और भत्ते रोकने का आरोप लगाते हुए मंत्री से न्याय की गुहार लगाई।
. खेल विभाग के ग्राउंडमैन का 5 साल से वेतन न मिलने संबंधी फरियाद भी बैठक में रखी गई। डीएसओ ने अध्यक्ष को संतुष्ट कर दिया।
. फौगाट निवासी संतोष ने उसके पति की मौत उपरांत पेंशन बनाने में देरी करने का आरोप लगाया। डीसी को इसकी जांच सौंपी गई।
. निमली निवासी पून के पति आनंद ने 75 हजार की लोन राशि बैंक की ओर से खाते में न डालने की शिकायत राज्यमंत्री के समक्ष की।
. मिर्च के बीपीएल परिवारों ने अलॉट जमीन का उनके नाम इंतकाल व रजिस्टरी कराने समेत कब्जा दिलाने की गुहार लगाई।
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