दादरी रेस्ट हाउस में किसान संगठनों के साथ बैठक करते मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी। स्रोत : जनसंपर्क विभाग
- किसानों ने रखी फसलों का बकाया मुआवजा दिलाने की मांग, मुख्यमंत्री बोले- वरिष्ठ अधिकारियों से मंत्रणा कर निकाला जाएगा समाधान
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने वीरवार को दादरी स्थित विश्राम गृह में क्षेत्र के किसान संगठनों के प्रतिनिधियों से भेंट की। बैठक सकारात्मक वातावरण में संपन्न हुई। किसानों की ओर से फसलों के बकाया मुआवजे से संबंधित जानकारी साझा की गई। इस पर मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया कि इस संबंध में शीघ्र ही वरिष्ठ अधिकारियों से मंत्रणा कर समाधान निकाला जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि संबंधित वरिष्ठ अधिकारी स्वयं किसान संगठनों से संवाद स्थापित करेंगे। किसानों ने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जहां अधिकांश नेता केवल औपचारिकताएं निभाते हैं, वहीं, मुख्यमंत्री ने अत्यंत शालीनता के साथ उनकी समस्याएं सुनीं। किसानों ने मुख्यमंत्री से हुई बातचीत के प्रति संतोष प्रकट करते हुए सभी प्रमुख मुद्दों पर सहमति जताई।
मुख्यमंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि प्रदेश में किसानों के लिए यूरिया और डीएपी की कोई कमी नहीं है। इसलिए आवश्यक मात्रा से अधिक उर्वरक की खरीद न की जाए। उन्होंने कहा कि कई बार किसान आवश्यकता से अधिक उर्वरकों का प्रयोग कर लेते हैं, जिससे खेत की सेहत पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। इसका असर सभी पर होता है। इस अवसर पर विधायक सुनील सतपाल सांगवान, उमेद पातुवास व पूर्व विधायक एवं सांगवान खाप के प्रधान सोमबीर सांगवान भी मौजूद रहे।
- खाप प्रतिनिधियों से भी मुख्यमंत्री ने की बातचीत
सांगवान व फोगाट सहित जिले की प्रमुख खापों के प्रतिनिधियों ने भी मुख्यमंत्री से भेंट की और विभिन्न सामाजिक मुद्दों पर चर्चा की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि हाल ही में जींद में आयोजित बैठक में प्रदेश की सभी खापों ने नशा विरोधी अभियान में सहयोग एवं समर्थन देने पर सहमति जताई है। उन्होंने कहा कि अब खाप प्रतिनिधियों से आग्रह है कि समाज में माता-पिता को प्रेरित करें कि वे अपने बच्चों के साथ अधिक समय बिताएं। यह जानने की कोशिश करें कि उनके बच्चे कहां जा रहे हैं, क्या कर रहे हैं और किस संगत में हैं।