चरखी दादरी। पांच माह के इंतजार के बाद मंगलवार को नगर परिषद सदन की बैठक हुई। 13 पार्षदों ने बैठक से दूरी बनाई जबकि आठ पार्षदों की मौजूदगी के चलते कोरम पूरा होने पर अधिकारियों ने 33 एजेंडे पास करवा दिए। जमीन बेचने संबंधी एक एजेंडा पार्षदों ने रद्द किया।
दूसरी ओर बैठक से दूरी बनाने वाले पार्षदों ने नगर परिषद अधिकारियों को कॉल करके बैठक चेयरमैन कार्यालय में आयोजित करने की बात कही, लेकिन मांग सिरे नहीं चढ़ पाई। बता दें कि अगस्त 2024 में नगर परिषद की आखिरी बैठक आयोजित हुई थी। वो बैठक हंगामे की भेंट चढ़ गई थी और उस दौरान भी 13 पार्षदों ने बैठक का बायकाट किया था। उस दौरान कोई प्रस्ताव पास नहीं हुआ था।
वहीं, एडीसी एवं नगर आयुक्त विश्वजीत चौधरी के ज्वाइन करने के बाद सात जनवरी को बैठक तय की थी। बैठक का स्थान इस बार नगर परिषद कार्यालय के बजाय लघु सचिवालय किया गया था और 21 में से 13 पार्षदों ने जगह बदलने पर एतराज जाहिर करते हुए बैठक से दूरी बनाने का एलान किया था।
दूसरी ओर जगह का विरोध करने वाले 13 पार्षद दोपहर 12 बजे नगर परिषद कार्यालय में एकत्र हुए और एक बजे चेयरमैन बक्शीराम सैनी के कार्यालय पहुंच गए। दूसरी ओर चेयरमैन, वाइस चेयरमैन, अधिकारी और आठ पार्षद लघु सचिवालय स्थित सभागार में पहुंच गए। वहां करीब डेढ़ घंटे तक बैठक चली और उस दौरान 33 प्रस्ताव सर्वसम्मति से पास किए गए। नगर आयुक्त विश्वजीत चौधरी ने बताया कि 13 पार्षदों को लघु सचिवालय का स्थान तय करने से एतराज था, इसकी जानकारी उन्हें नहीं थी। अब हर माह बैठक आयोजित होगी और सभी पार्षदों को साथ लेकर शहरी विकास कराया जाएगा। बैठक में पार्षद प्रतिनिधि जतिन फोगाट ने परशुराम चौक के समीप पूर्व मुख्यमंत्री दिवंगत हुकम सिंह के नाम से द्वार बनाने की मांग भी रखी।
इन पार्षदों ने जताया विरोध
पार्षद जयसिंह लांबा, मुनेश दहिया, बबीता रानी, विनोद सिंहमार, नवीन प्रजापत, सुधीर स्वामी, मनोज वर्मा, सतबीर चौहान, अजय सांगवान, नवीन बिंदल, रचना देवी, कौशल्या देवी व मंजू पहल ने बैठक का स्थान बदलने पर विरोध दर्ज कराया।
ये आठ पार्षद पहुंचे लघु सचिवालय
बैठक के मद्देनजर वाइस चेयरमैन एवं वार्ड-4 से पार्षद संदीप फोगाट, पार्षद विनोद वाल्मीकि, अन्नु रानी, विरेंद्र, कुलदीप सैन, राकेश देवी, नितिन व सुमन आदि लघु सचिवालय सभागार में पहुंच गए।
ये प्रस्ताव किए पास
. गोरखनाथ के नाम से द्वार और चौक बनाना
. महात्मा ज्योतिबा फुले द्वार बनाना
. शहरी की सीमाओं का विस्तार करवाना
. मुर्दा मवेशियों को उठाने का ठेका देना
. स्वच्छता सर्वेक्षण-2025 के मद्देनजर जागरूकता गतिविधि करना
. रात को सफाई के लिए नई रोड स्वीपिंग मशीन खरीदना
. दादरी शहर में महापुरुषों के नाम से साइन बोर्ड लगवाना
. महाराज अग्रसेन द्वार का निर्माण कराने पर विचार-विमर्श करना
. काठमंडी चौक पर भगवान विश्वकर्मा द्वार बनाना
. संत कबीर द्वार और चौक बनाने पर विचार-विमर्श करना
. लोहारू चौक के पास मुख्य मार्ग पर बाबा श्याम तोरण द्वार बनाना
. संत कबीर छात्रावास के लिए जगह देने पर विचार करना
. वंचित चौक का महापुरुष के नाम से नामकरण करना
. वाल्मीकि धर्मशाला या चौपाल निर्माण के लिए जमीन देना
. सैन समाज धर्मशाला निर्माण के लिए जमीन देने पर विचार-विमर्श करना
. बैरागी समाज की धर्मशाला निर्माण के लिए जगह देने पर मंथन करना
. शिव गोरखनाथ के नाम से धर्मशाला बनाने के लिए जमीन देने पर विचार करना
चेयरमैन पर 16 लाख के फर्जी बिल तैयार करने का आरोप
बैठक का बहिष्कार कर नगर परिषद कार्यालय में बैठने वाले पार्षदों ने चेयरमैन बक्शीराम सैनी पर उनके सवालों से बचने के लिए बैठक का स्थान बदलवाने का आरोप लगाया। पार्षद जयसिंह लांबा ने कहा कि चेयरमैन ने अधिकारियों के साथ मिलीभगत कर 16 लाख के बुलडोजर के गलत बिल तैयार करवाए हैं। इस भ्रष्टाचार को वो उजागर करके रहेंगे और इसकी विजिलेंस जांच भी कराई जाएगी।
जगह बदलने पर बैठक का बहिष्कार सही नहीं है। राजनीतिक मंशा से ऐसा किया गया है। आठ पार्षदों की मौजूदगी के चलते कोरम पूरा हो गया और 34 में से 33 एजेंडे पास किए गए।
बक्शीराम सैनी, चेयरमैन, दादरी नगर परिषद
वर्सन:
मुझे इस बात की जानकारी नहीं थी कि पार्षदों ने जगह बदलने पर एतराज जताया है। पार्षदों ने न तो मुझसे मुलाकात की और न ही मेरे ऑफिस में कोई ज्ञापन सौंपा। लघु सचिवालय सभागार में बैठक शांतिपूर्वक संपन्न हुई। प्रयास रहेगा कि हर माह नगर परिषद हाउस की बैठक आयोजित की जाए। सभी पार्षदों को साथ लेकर शहरी विकास कराया जाएगा। - विश्वजीत चौधरी, एडीसी एवं नगर आयुक्त, चरखी दादरी।
नगर परिषद चेयरमैन कार्यालय में बैठे 13 पार्षद।