दादरी जिले की कहानियों को प्रस्तुत करते एपीसी राजेश डागर।
चरखी दादरी। हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद की ओर से पंचकूला में 29 और 30 मई को स्कूल प्रबंधक समितियों (एसएमसी) के प्रशिक्षण के लिए मास्टर ट्रेनर के लिए प्रथम और दूसरी तिमाही प्रशिक्षण सत्र का आयोजन किया गया। इसमें दादरी जिले से एपीसी राजेश डागर, बीआरपी डॉ. महेंद्र सिंह, ज्योति तथा एबीआरसी राजकुमार ने प्रशिक्षण प्राप्त किया।
एपीसी राजेश डागर ने जिले की सफल कहानी एवं समुदाय की भागीदारी पर अपनी प्रस्तुति दी। उन्होंने बताया कि अगले चरण में सभी मेंटर ट्रेनर अपने ब्लॉक के बाकी सभी 229 बीआरपी और 1170 एबीआरसी के लिए जून के महीने में प्रशिक्षण शिविर आयोजित करेंगे। अंतिम चरण में सभी एसएमसी सदस्यों का प्रशिक्षण एबीआरसी या बीआरपी के माध्यम से विद्यालय-स्तर पर प्रदेश के सभी 14465 प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों में एसएमसी सदस्यों को जुलाई में प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। प्रशिक्षण के दौरान एसएमसी को शिक्षा के परिणामों को बेहतर बनाने की रणनीतियों से अवगत कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण में मेंटर ट्रेनर्स को विभिन्न गतिविधियों और कहानियों से एसएमसी सदस्यों को इस जिम्मेदारी को निभाने में सक्षम बनाने की जानकारी दी जाएगी।
बीआरपी महेंद्र सिंह ने कहा कि आगामी चरण के बाद इस समिति के सदस्य विद्यार्थियों की शिक्षा और उसका परिणाम को समझेंगे। शिक्षा के परिणामों को बेहतर बनाने के लिए रणनीति भी बनाई जाएगी। प्रशिक्षण का नेतृत्व निदेशक जितेंद्र कुमार और हरियाणा सरकार के विशेष सचिव, स्कूल शिक्षा विभाग और राज्य परियोजना निदेशक मयंक वर्मा, संयुक्त राज्य परियोजना निदेशक और सलाहकार संजय कुमार, परियोजना समन्वयक सोनाली वोहरा ने किया।