चरखी दादरी। सुरक्षाकर्मी अनदीप मामले की जांच जिला स्वास्थ्य विभाग ने पूरी कर ली है। विभाग अब जांच रिपोर्ट को एचकेआरएन पोर्टल पर अपलोड करेगा और सुरक्षाकर्मी को अनदीप को बर्खास्त करने की सिफारिश की जाएगी। जांच अधिकारी की मानें तो शुक्रवार शाम या शनिवार दोपहर तक पोर्टल पर जांच रिपोर्ट डाल दी जाएगी।
जितेंद्र जटासरा की ओर से प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को शिकायत भेजी गई थी। इसमें कार्यवाहक सीएमओ डॉ. राजविंद्र मलिक पर सीधे तौर पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया गया था। शिकायतकर्ता का कहना था कि 28 जुलाई 2022 को तत्कालीन सीटीएम (सिटी मजिस्ट्रेट) नरेंद्र मटोरिया ने रात के समय नागरिक अस्पताल का निरीक्षण किया था।
रात करीब साढ़े 10 बजे नागरिक अस्पताल पहुंचे सीटीएम को एचकेआरएन के तहत लगे दो कर्मचारी शराब पिए मिले थे। इनमें सुरक्षाकर्मी अनदीप भी शामिल था। वहीं, सीटीएम की ओर से दोनों कर्मचारियों पर शहर पुलिस थाने में एफआईआर भी दर्ज कराई गई थी। इसके बाद मुख्यमंत्री उड़नदस्ता ने उसे फर्जी रसीदों के जरिये स्वास्थ्य विभाग में भ्रष्टाचार करते पकड़ा था। उसके खिलाफ दूसरी एफआईआर दर्ज हुई थी। 11 माह बाद अधिकारियों ने उसे दोबारा ज्वाइन करवा दिया।
वहीं, इस मामले की जांच के लिए स्वास्थ्य सेवाओं के निदेशक डॉ. अनिल बिरला बुधवार को दादरी नागरिक अस्पताल पहुंचे थे। उस दौरान उन्होंने सभी पक्षों के बयान दर्ज किए थे और स्थानीय अधिकारियों को एचकेआरएन के तहत लगे सुरक्षाकर्मी अनदीप को बर्खास्त कराने का आदेश दिया था। इसके बाद चार अधिकारियों की कमेटी ने जांच की, जो पूरी हो चुकी है। अब जांच रिपोर्ट को पोर्टल पर अपलोड कर सुरक्षाकर्मी को बर्खास्त कराया जाएगा।
-
सुरक्षाकर्मी अनदीप मामले की जांच पूरी कर ली गई है। उसे बर्खास्त कराया जाएगा इसके लिए जांच रिपोर्ट पोर्टल पर जल्द अपलोड कर दी जाएगी।
-डॉ. आशीष मान, डिप्टी सीएमओ, जिला स्वास्थ्य विभाग