चरखी दादरी। लंबे इंतजार के बाद सोमवार शाम शहर में हुई बारिश से लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिली है। एक घंटे की बारिश के दौरान शहर में 28 एमएम और बौंद में 13 एमएम वर्षा दर्ज की गई। इस बारिश से मौसम सुहावना हो गया है और खरीफ की फसलों को भी लाभ पहुंचा है। हालांकि शहर के कई हिस्सों में जलभराव होने लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
पिछले कई दिनों से बारिश न होने से तपिश और उमस लगातार बढ़ रही थी जिससे लोग गर्मी से बेहाल थे। उमस भरी गर्मी के चलते घरों, बाजारों और कार्यालयों में लोगों को काफी दिक्कतें झेलनी पड़ रही थीं। सोमवार दोपहर बाद अचानक मौसम ने करवट ली और तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश के साथ चली ठंडी हवाओं ने वातावरण को खुशनुमा बना दिया जिससे लोगों ने राहत की सांस ली।
उमस और बढ़ते तापमान के कारण बिजली की मांग भी लगातार बढ़ रही थी। कई पावर सब स्टेशनों के ट्रांसफार्मर ओवरलोड चल रहे थे जिससे बार-बार बिजली कटौती हो रही थी। बारिश के बाद तापमान में गिरावट आने से बिजली की मांग कम होने की संभावना है। इससे बिजली व्यवस्था पर दबाव घटेगा और उपभोक्ताओं को राहत मिलेगी।
फसलों को मिला लाभ
बारिश का खासा फायदा खरीफ की फसलों को पहुंचा है। जिले में बाजरा, ज्वार, कपास और धान की फसलें खेतों में खड़ी हैं। बारिश न होने के कारण फसलों को सिंचाई की जरूरत पड़ रही थी और किसान इसका इंतजार कर रहे थे। सोमवार की बारिश से खेतों में पर्याप्त नमी पहुंची है जिससे फसलों की बढ़वार बेहतर होने की उम्मीद है। कृषि विशेषज्ञ चंद्रभान ने बताया कि यह बारिश सभी प्रकार की खरीफ फसलों के लिए लाभदायक साबित होगी। इससे किसानों को सिंचाई पर होने वाले अतिरिक्त खर्च से भी राहत मिलेगी और उत्पादन क्षमता में सुधार होगा।
जलभराव से बढ़ी दिक्कतें
बारिश के कारण शहर के कई हिस्सों में जलभराव की स्थिति बन गई। तिकानो पार्क, रोहतक रोड, किला मैदान मार्ग, नगर परिषद कार्यालय परिसर और जांगड़ा मार्केट जैसे क्षेत्रों में पानी जमा हो गया। जलभराव के कारण राहगीरों, दुकानदारों और वाहन चालकों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। कई स्थानों पर दोपहिया वाहन पानी में फंस गए जिससे आवागमन बाधित हुआ। पैदल चलने वाले लोगों को भी पानी से होकर गुजरना पड़ा। बाजारों में जलभराव से दुकानदारों का कारोबार भी शाम तक ठप रहा।
बिजली आपूर्ति में सुधार की उम्मीद
बारिश से पहले उमस भरी गर्मी के कारण बिजली पावर कट से लोग परेशान थे। पावर सब स्टेशनों के पावर ट्रांसफार्मर ओवरलोड बने हुए थे। बिजली की अधिक खपत होने से दिन और रात के समय बार-बार पावर कट लग रहे थे। इससे उपभोक्ताओं को काफी परेशानी उठानी पड़ रही थी। बारिश के बाद तापमान में गिरावट आने से बिजली की मांग में कमी आने की संभावना है। इससे बिजली व्यवस्था पर दबाव कम होगा और उपभोक्ताओं को राहत मिलने की उम्मीद है।
वर्सन :::: ::
इस सप्ताह बारिश की झड़ी जारी रहेगी। 22 जुलाई और उसके बाद 26 जुलाई को पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से इस माह के अंत तक हल्की एवं माध्यम दर्जे की बारिश का सिलसिला जारी रहने का अनुमान है। - डॉ. चंद्रमोहन, मौसम विशेषज्ञ।