बाढड़ा के लोहारू रोड पर जाम लगाए बैठे किसान।
बाढड़ा। उपमंडल के किसानों ने रबी सीजन की फसलों की बिजाई की तैयारी शुरू कर दी है लेकिन उन्हें डीएपी नहीं मिल सकी है। इस कारण किसानों को बिजाई कार्य में देरी होने का डर सता रहा है जबकि उनमें रोष भी बना है। आक्रोशित किसानों ने रविवार शाम बाढड़ा-लोहारू मार्ग पर जाम लगा दिया। हालांकि 10 मिनट बाद ही पुलिस टीम ने समझाकर उन्हें उठा दिया।
अधिकारियों ने सोमवार शाम तक एनपीके के पांच हजार और डीएपी के पांच हजार कट्टे पहुंचने की उम्मीद जताई है जबकि पूरे जिले में करीब 80,000 कट्टे की जरूरत है। खाद किल्लत से किसान परेशान हैं। वह सहकारी समिति और निजी खाद-बीज केंद्रों के चक्कर लगाने के लिए मजबूर हैं। इसके बावजूद संबंधित अधिकारी खाद किल्लत पर कुछ भी बोलने से बच रहे हैं।
प्रदेश के दक्षिणी हरियाणा के रेतीले उपमंडल क्षेत्र में लगातार चल रहे डीएपी संकट से रबी सीजन की सरसों बिजाई में भी देरी होने की आशंका से किसानों की नींद उड़ी है। क्षेत्र में सरसों और गेहूं की फसल बिजाई के साथ ही डीएपी प्रयोग की जाती है, लेकिन इस बार खाद पर्याप्त मात्रा में नहीं पहुंची है। किसानों ने कहा कि लंबा इंतजार करने के बाद भी खाद उपलब्ध न होने पर रविवार शाम मजबूरीवश उन्हें जाम लगाना पड़ा। उन्होंने कहा कि सोमवार तक खाद नहीं पहुंची तो वह कड़ा निर्णय ले सकते हैं।
शनिवार तक ये रही उपलब्धता : शनिवार शाम तक सहकारी समिति बाढड़ा में 1,000 कट्टे, सहकारी समिति बेरला, सहकारी समिति पालड़ी, सहकारी समिति झोझूकलां और सहकारी समिति बेरला में पांच-पांच सौ कट्टे आपूर्ति होने का दावा किया गया। अगले सप्ताह मात्र 10,000 बैग पहुंचने की संभावना है।ा