रेलवे रोड स्थित चरखी दादरी बिजली कार्यालय।
चरखी दादरी। बिजली निगम की ओर से छह हजार डिफाल्टर उपभोक्ताओं को बार-बार नोटिस भेजने के बाद भी उपभोक्ता बकाया राशि जमा करवाने में रुचि नहीं ले रहे हैं। यह राशि वसूलना विभाग के लिए गले की फांस बनी हुई है। ऐसे में अब निगम चुनाव के बाद इन उपभोक्ताओं के खिलाफ शिकंजा कसेगा।
बिजली निगम की ओर से समय-समय पर सरचार्ज माफी स्कीम भी लाई जा रही है। इसके बाद भी डिफाल्टर उपभोक्ता बिजली बिल नहीं भर रहे। इस समय निगम के छह हजार डिफाल्टर उपभोक्ता हैं। इन पर 13 करोड़ का बिल बकाया है। अब निगम लोकसभा चुनाव के बाद एक बार फिर से इन डिफाल्टर के खिलाफ शिकंजा कसेगा। जून मध्य तक निगम कनेक्शन काटने का अभियान फिर से शुरू करेगा, ताकि डिफाल्टर की लंबी सूची छोटी हो जाए। इसके लिए टीमों का गठन किया जाएगा।
बिजली निगम इस समय लाभ में चल रहा है। कई सालों से घाटे में रहा निगम अब फूंक-फूंककर कदम रख रहा है। बिजली निगम ने जब से जगमग योजना को लागू किया है तब से लाइन लोस भी कम हुआ है। ग्रामीण क्षेत्रों में सबसे ज्यादा चोरी होती रही है। पिछले कुछ सालों से लोग मुख्य तारों में कुंडी लगाकर चोरी करते रहे हैं। इस पर काफी हद तक अंकुश लगा है।
तार भी बदल चुका निगम
बिजली निगम ने विकल्प के तौर पर पुराने तार बदलकर मोटी केबल लगाई है। मीटर मकानों के बाहर पोल पर लगा दिए हैं, जिससे चोरी पर काफी अंकुश लगा है। इतना ही नहीं निगम ने दो से तीन माह में प्रदेश स्तर पर टीमें गठित कर बिजली चोरी पकड़ एक ही दिन में करोड़ों रुपये का जुर्माना वसूलने करने का भी काम किया है।
चुनाव के बाद डिफाल्टर के खिलाफ शिकंजा कसा जाएगा। रिकवरी पर जोर दिया जाएगा। छह हजार डिफाल्टर की तरफ 13 करोड़ बकाया है। निगम उपभोक्ताओं को 24 घंटे बिजली देता है तो उपभोक्ताओं को भी नियमित रूप से बिल जमा करना चाहिए। - गौरव कुमार, एसडीओ, बिजली निगम।