चरखी दादरी। बिजली निगम ने बकाया बिजली बिल न जमा करने पर पांच किसानों और 50 सरकारी विभागों को नोटिस जारी कर एक सप्ताह में बिल जमा करने की हिदायत दी है। अगर समय पर भुगतान नहीं किया गया तो कनेक्शन काटने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। सरकारी विभागों की ओर 3.50 करोड़ रुपये और 1,107 किसानों के 86 लाख रुपये बकाया है।
जिले के रेतीले क्षेत्र में किसानों को सिंचाई के लिए बिजली नलकूपों का सहारा लेना पड़ता है, क्योंकि भूमिगत जलस्तर 400 फीट तक गिर चुका है। यहां के किसानों के लिए सिंचाई का एकमात्र साधन बिजली से चलने वाले ट्यूबवेल ही हैं। लेकिन अब, इन नलकूपों पर बिल का बकाया बढ़ता जा रहा है। निगम द्वारा औसतन 500 रुपये का बिल वसूला जाता है और यदि किसान ने बड़ी मोटर का उपयोग किया है तो अतिरिक्त शुल्क भी लिया जाता है। बावजूद इसके कई किसान समय पर बिल जमा नहीं करवा रहे हैं, जिसके कारण बिजली निगम ने उन्हें नोटिस भेजे हैं।
नहरों से सिंचाई मुश्किल, बढ़ रही जलसंकट की आशंका
रेतीले इलाके में नहरी पानी से सिंचाई करना मुश्किल है, क्योंकि रेत के टिब्बों के कारण नहरी पानी का उपयोग पूरी तरह से संभव नहीं है। मानसून पर निर्भर खरीफ सीजन की फसलों के लिए भी भूमिगत जलस्तर पर लगातार गिरावट आ रही है, जिससे आने वाले समय में जलसंकट और भी गहरा सकता है।
पर्याप्त बिजली की आपूर्ति कर रहा निगम
बिजली निगम के एसडीओ राम सिंह ने कहा कि किसान समय पर बिजली बिल जमा करें। निगम किसानों को पर्याप्त बिजली की आपूर्ति कर रहा है और किसी भी किसान को बकायेदार की श्रेणी में नहीं आना चाहिए। यदि नोटिस के बाद एक सप्ताह में बकाया राशि जमा नहीं की जाती, तो कनेक्शन काट दिए जाएंगे।
किसान समय पर बिजली बिल जमा करें। यदि वे बकायेदार की श्रेणी में आ गए हैं तो वे अगले सप्ताह के भीतर अपने बकाए का भुगतान करें, अन्यथा कनेक्शन काट दिए जाएंगे। – एसडीओ राम सिंह, बिजली निगम, चरखी दादरी।