चरखी दादरी। रोड जाम करने वाले व्यापारियों से मंगलवार को किए गए वादे के अनुसार जिला प्रशासन ने बाजारों से पानी की निकासी नहीं करवाई। वहीं, बुधवार सुबह और दोपहर को बारिश होने से बाजार में पानी का स्तर चार इंच और बढ़ गया। दूसरी ओर मुख्य बाजार और पुराना रेलवे रोड के व्यापारियों और दुकानदारों ने रोषस्वरूप करीब 300 दुकानें बंद रखी और प्रशासन के खिलाफ आंबेडकर चौक पर धरना दिया। इसके बाद कोर्ट रोड पर रोष प्रदर्शन किया गया। हालांकि बाजार बंद के फैसले पर नगर व्यापार मंडल दो धड़ों में बंटा नजर आया। धरनास्थल पर कुछ वक्ताओं ने नाम लिए बिना व्यापार मंडल के कुछ पदाधिकारियों पर तंज भी कसे।
बता दें कि जलभराव की समस्या को लेकर शहर के व्यापारियों और दुकानदारों ने मंगलवार को परशुराम चौक पर 4 घंटे जाम लगाया था। उस दौरान बतौर ड्यूटी मजिस्ट्रेट वहां पहुंचे जिला समाज कल्याण अधिकारी ओमप्रकाश ने जनस्वास्थ्य विभाग के एक्सईएन शशिकांत से तीन दिन में पानी की निकासी करने का आश्वासन देकर जाम खुलवाया था। हालांकि इससे पहले व्यापारियों ने चेताते हुए कहा कि था कि अगर बुधवार सुबह तक बाजारों से पानी का स्तर नहीं घटा तो दुकानें बंद रखकर रोष जताया जाएगा।
अब अगर बुधवार की बात करें तो बाजारों से पानी का स्तर घटने के बजाय बढ़ गया। इसका कारण बुधवार सुबह और दोपहर को हुई करीब पांच एमएम बारिश भी रही। वहीं, बाजार बंद रखने की अपील केवल पुराना बस स्टैंड क्षेत्र, पुरानी सब्जी मंडी रोड और मुख्य बाजार में ही नजर आई। इन क्षेत्रों में 300 से ज्यादा दुकानें बंद रही। जलभराव से खफा व्यापारियों ने सुबह साढ़े 10 बजे से लेकर 12 बजे तक आंबेडकर चौक पर धरना दिया और इसके बाद कोर्ट रोड पर विरोध प्रदर्शन भी किया। पानी निकासी की मौजूदा व्यवस्था को देखते हुए अगले दो-तीन दिन तक जलभराव से राहत मिलने की उम्मीद कम ही नजर आ रही है। धरने पर बैठे व्यापारियों को संबोधित करते हुए नगर परिषद के पूर्व चेयरमैन एवं कांग्रेस नेता अजीत फौगाट ने कहा कि शहर में बाढ़ जैसे हालात बनना कमजोर सरकार, नाकारा प्रशासन और लापरवाह जनप्रतिनिधियों की देन है। पूरा शहर जलभराव और सीवर समस्या से त्रस्त जबकि सत्ता पक्ष के नेता भूमिगत हो गए है। उन्हें लोगों की परेशानियों से कोई सरोकार नहीं है।
- तीन दिन के लिए बुलाया चीफ इंजीनियर
उपायुक्त प्रीति ने संवाददाता से बातचीत में बताया कि जलभराव को लेकर उनकी जनस्वास्थ्य विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव से बातचीत हुई है। उन्होंने पानी निकासी के पुख्ता प्रबंध करने के लिए चीफ इंजीनियर को तीन दिन के लिए दादरी भेजने का आश्वासन दिया है। उपायुक्त ने बताया कि बुधवार शाम तक चीफ इंजीनियर दादरी पहुंच जाएगा और उसके बाद मंत्रणा कर समाधान खोजने का प्रयास किया जाएगा।
- नगर व्यापार मंडल के पदाधिकारियों से दुकानदार और व्यापारी खफा
बुधवार को धरना और प्रदर्शन करने वाले व्यापारियों व दुकानदारों ने जिला प्रशासन, जनप्रतिनिधियों और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की तो वहीं, नगर व्यापार मंडल पदाधिकारियों के जलभराव पर चुप्पी साधने पर सवालिया निशान उठाए। दुकानदारों और वक्ताओं ने कहा कि व्यापारियों की समस्याएं दूर करवाने के लिए नगर व्यापार मंडल इकाई का गठन किया गया है, लेकिन राजनैतिक स्वार्थ के चलते कई पदाधिकारी अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़े हुए हैं। सरकार समर्थित होने के चलते वो आंदोलन से अपने हाथ पीछे खींचकर दुकानदारों को उनके हाल पर छोड़ रहे हैं।
समस्या के समाधान के लिए जनस्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन प्रयासरत है। आमजन से अपील है कि वो संयम बरते और प्रशासन का सहयोग करे। जल्द ही पानी की निकासी करवा दी जाएगी।
-प्रीति, उपायुक्त, चरखी दादरी