चरखी दादरी। इस तकनीकी दौर में मनुष्य ज्यादातर मोबाइल फोन, लैपटॉप व कंप्यूटर आदि पर निर्भर है और यह डिवाइस इंटरनेट से जुड़ी हुई हैं। इन पर अपनी व्यक्तिगत जानकारी साझा न करें। यह बात पुलिस अधीक्षक अर्ष वर्मा ने कही।
उन्होंने बताया कि आज इंटरनेट से से मनुष्य का जीवन काफी आसान हो गया है। इसके माध्यम से मनुष्य अपने रोजमर्रा के कार्य जैसे-बैंक से संबंधित कार्य, ऑनलाइन ऑफिस कार्य, नेट बैंकिंग, सोशल मीडिया आदि पर अपना कारोबार आदि कार्य घर बैठे ही बड़ी आसानी से कर लेता है। लेकिन व्यक्ति कई बार इंटरनेट पर गलती कर बैठता हैं। साइबर अपराधी लोगों की इसी गलती के इंतजार में बैठे रहते हैं और मौका मिलते ही शातिर तरीके से लोगों को मानसिक व आर्थिक तौर पर भारी क्षति पहुंचाते हैं।
इसलिए इंटरनेट पर अपने कार्य करने के दौरान या इंटरनेट का उपयोग करते समय बड़ी सावधानी बरतनी चाहिए। किसी अनजान नंबर से आने वाली फोन कॉल, वीडियो कॉल का उत्तर नहीं देना चाहिए और ना ही किसी अनजान व्यक्ति की फ्रेंड रिक्वेस्ट मंजूर करनी चाहिए। जब कोई व्यक्ति अपने आप को बैंक का अधिकारी या प्रतिनिधि बताकर आपसे आपकी व्यक्तिगत या बैंक संबंधी जानकारी मांगे तो उसके साथ सांझा न करें। इस प्रकार सावधानियां बरतकर साइबर ठगी से बच सकते हैं। किसी भी प्रकार की ऑनलाइन ठगी होने पर 1930 पर कॉल करें और www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करवाएं।