चंडीगढ़ में परिवहन विभाग के अधिकारियों की बैठक लेते डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला।
चरखी दादरी। शहर के आबादी वाले एरिया में बने बस स्टैंड को शिफ्ट करने की योजना अब सिरे चढ़ती नजर आ रही है। साथ ही डिपो के बेड़े में बसों की संख्या बढ़ने की उम्मीद भी जिलावासियों को जगी है। उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने शुक्रवार को चंडीगढ़ में परिवहन विभाग के आला अधिकारियों की बैठक ली। बैठक में चरखी दादरी बस स्टैंड के महाप्रबंधक प्रदीप कुमार अहलावत भी शामिल हुए।
उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि चरखी दादरी बस स्टैंड को शिफ्ट करने के लिए विभाग के अधिकारी जल्द से जल्द जमीन की तलाश करें। साथ ही बेड़े में बसों की संख्या भी बढ़ाई जाए जिससे लोगों को राज्य परिवहन की सेवाओं का अधिक लाभ मिल सके।
बता दें कि बस स्टैंड स्थानांतरण की योजना ठंडे बस्ते में होने के मुद्दे को अमर उजाला ने 25 जून के संस्करण में प्रमुखता से उठाया था। अमर उजाला ने बस स्टैंड शिफ्ट करने के लिए विभाग तैयार पर नहीं मिल रही जमीन नामक शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी। दादरी बस स्टैंड स्थानांतरण को लेकर उपमुख्यमंत्री ने शुक्रवार को चंडीगढ़ में परिवहन विभाग के अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने बैठक में स्पष्ट कहा कि गत 21 जून को दादरी दौरा करने के दौरान उन्हें बसों की कमी संबंधी शिकायतें मिली थीं। इन शिकायतों के निराकरण के लिए जल्द से जल्द डिपो के बेड़े में बसों की संख्या बढ़ाई जाए।
साथ ही उपमुख्यमंत्री ने कहा कि दादरी बस स्टैंड को शिफ्ट करने की योजना पर अधिकारी गंभीरता से काम करें। बस स्टैंड स्थानांतरण के लिए बेहतर से बेहतर जगह तलाश की जाए। उन्होंने कहा कि अधिकारी इस काम को गंभीरता से करें और इसमें कोई ढिलाई न बरतें। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि जल्द से जल्द दादरी बस स्टैंड शहर से बाहर शिफ्ट कर दिया जाए। नए बस स्टैंड के लिए कम से कम आठ से 15 एकड़ भूमि की आवश्यकता है।
- 1983 में बना था बस स्टैंड
वर्ष 1983 में 3 एकड़ 10 मरला भूमि पर बस स्टैंड बना था। वर्कशॉप भी यहीं चल रही है और इससे जगह का अभाव है। जगह के अभाव में 108 बसों के लिए महज 9 ही बूथ बनाए गए हैं। मौजूदा बस स्टैंड परिसर का दायरा छोटा पड़ने से परिवहन विभाग बूथ संख्या में विस्तार नहीं कर पा रहा है। आलम यह है कि सभी बसों को एक साथ बस स्टैंड परिसर में खड़ा करने की जगह नहीं है। बाजार के बीचोबीच बस स्टैंड होने से अक्सर जाम के हालात बने रहते हैं। बस स्टैंड से प्रतिदिन 50 हजार यात्री सफर करते हैं। डिपो की दैनिक आमदनी 10 से 12 लाख रुपये है और करीब 25 रूटों पर बसों का संचालन किया जाता है।
फोटो 21 चंडीगढ़ में परिवहन विभाग के अधिकारियों की बैठक लेते डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला।