हरियाणा के चरखी दादरी में हड़ौदी सरपंच अनिल हत्याकांड के पांच दोषियों को कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। कोर्ट ने हत्याकांड के दोषी तिवाला निवासी परमिंद्र उर्फ फौजी, झरवाई निवासी भूपेंद्र, बिरहीकलां निवासी जसप्रीत, रानीला निवासी हरिओम ओर रोहतक के किशनगढ़ निवासी दीपक उर्फ दीपा पर दस हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना राशि न भरने पर दोषियों को छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेगी।
पुलिस प्रवक्ता संदीप कुमार ने बताया कि 14 अप्रैल 2018 को हड़ौदी सरपंच एवं मृतक अनिल के चचेरे भाई ने बाढड़ा थाने में शिकायत दी थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि 13 अप्रैल 2018 की शाम अनिल समेत सात लोग दो गाड़ियों में सवार होकर बरसाना गए थे। वहां से 8.30 बजे खाना खाकर घर लौट रहे थे। बोलेरो को अनिल चला रहा था, जबकि क्रेटा में उसके परिचित सवार थे।
जब वो अटेला से पहले पेट्रोल पंप पर तेल डलवाने लगे तो क्रेटा उनसे आगे चली गई। इसके बाद जब वो बोलेरो लेकर हड़ौदा बस अड्डे के नजदीक पहुंचे तो क्रेटा सवार तीनों व्यक्ति सड़क पर खड़े मिले। उन्होंने बताया कि एक स्कॉर्पियो में सवार 4 युवकों ने उनकी क्रेटा छीन ली और भाग गए।
इसके बाद, सरपंच अनिल और उसके साथ मौजूद लोग बोलेरो में सवार होकर चल पड़े। हड़ौदी व कालूवाला के बीच में नहर के पास पहुंचे तो छीनी हुई क्रेटा व बदमाशों की स्कॉर्पियो दिखाई दी। उनका पीछा किया तो वो हड़ौदी गांव में घुस गए। उसी दौरान सरपंच ने बोलेरो से उन्हें रोकने का प्रयास किया तो युवकों ने फायरिंग कर दी। गोली लगने से हड़ौदी गांव के सरपंच अनिल की मौत हो गई थी।