ठेकेदार एसोसिएशन ने शुक्रवार को जिला मुख्यालय पर बैठक आयोजित करने के बाद कार्यकारी अभियंता से की मुलाकात, समस्याओं का समाधान कराने की उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
बाढड़ा। हरियाणा पंचायतीराज, भवन एवं निर्माण शाखा सहित सरकार की ओर से संचालित विकास योजनाओं में काम करने वाले पंजीकृत ठेकेदारों ने सरकार की कार्यशैली पर रोष प्रकट किया है। ठेकेदारों ने आरोप लगाया कि बार-बार राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठकें होने के बावजूद समय पर भुगतान नहीं हो पा रहा है। छह माह से एक साल तक पैसे के इंतजार करना पड़ रहा है। इसके विरोध में जल्द ही बैठक बुलाकर नई रणनीति तैयार की जाएगी।
जिला मुख्यालय पर हरियाणा पंचायतीराज व लोकनिर्माण विभाग के अनुबंधित फर्मों के ठेकेदारों ने अध्यक्ष नवीन सांगवान की अध्यक्षता में बैठक आयोजित कर प्रदेश सरकार से कामकाज के दौरान आ रहीं अलग-अलग परेशानियों से निजात दिलवाने की मांग की। उन्होंने कहा कि केंद्र व प्रदेश सरकार अपनी विकास योजनाओं के लिए निजी फर्मों से काम करवाती है जो निर्धारित समय पर पूरा होता है। आमजन को भी पूरा लाभ मिलता है।
पिछले कुछ समय से हरियाणा पंचायतीराज व जिला परिषद के अनुबंधित फर्मों को पूरा काम करने के बाद भी भुगतान नहीं किया जा रहा है। इससे ठेकेदारों के सामने आर्थिक संकट पैदा हो गया है। वहीं, पिछले एक माह से जीएसटी भुगतान सिस्टम में बदलाव किया गया है। इससे उनके सामने विकट हालात पैदा हो गए हैं। प्रदेश भर के फर्म मालिकों ने पिछले सप्ताह चंडीगढ़ मुख्यालय पर विभाग के इंजीनियर इन चीफ के साथ बैठक आयोजित कर उनके समक्ष दोनों समस्याओं को उठाया था। इस पर उन्होंने जल्द समाधान का भरोसा दिया था।
शुक्रवार को सभी ठेकेदारों ने कार्यकारी अभियंता श्यामलाल से मुलाकात की और उन्होंने जल्द ही उनकी समस्याओं को दूर करने का भरोसा दिया। बैठक में जयबीर श्योराण काकड़ौली, धोलिया मांढी, राहुल खेड़ी बूरा, नवरत्न, लीलूराम, कुलदीप, राजकरण पांडवान, सत्येंद्र वर्मा, कृष्ण पहलवान, सुनील डोहकी व राजेश मैहड़ा आदि मौजूद रहे।
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चरखी दादरी जिला मुख्यालय पर आयोजित बैठक में भागीदारी करते ठेकेदार। स्रोत : एसोसिएशन