चरखी दादरी। अरावली की पहाड़ियों की तलहटी में बसे गांव में पांडवान में पति-पत्नी ने दो योजना की गांव की चौधर की है। निवर्तमान सरपंच राजकरण जिला सरपंच एसोसिएशन के प्रधान भी रहे हैं। इतना ही नहीं गांव में एक बार अनुसूचित जाति वर्ग से भी सरपंच बना है। गांव की आबादी करीब 3500 है और 1980 मतदाता हैं। इस बार सरपंच पद के चुनाव में चार उम्मीदवारों के नामों की चर्चाएं हैं। यह गांव सांगवान गोत्र बाहुल्य है।
पांडवान में 1058 पुरुष और 922 महिला मतदाता हैं। यह गांव अरावली की पहाड़ियों में बसा है। ऐसे में इस गांव का सौंदर्य देखते ही बनता है। सांगवान-40 खाप के अधीन आने वाले इस गांव में दंपती ने भी गांव की चौधर की है। राजकरण व उनकी पत्नी निर्मला देवी सरपंच रह चुकी हैं। निर्मला देवी ने वर्ष 2005-10 योजना में गांव की सरपंची की जबकि राजकरण निवर्तमान योजना में सरपंच रहे हैं। अब राजकरण जिला परिषद चुनाव में अपना भाग्य आजमा रहे हैं।
ग्रामीणों के अनुसार अनुसूचित जाति वर्ग से भगवान सिंह सरपंच बने हैं। वहीं नौबत सिंह ने दो योजना सरपंची की है। इसी प्रकार गोपाल सिंह एक योजना सरपंच रहे। सांगवान गोत्र से ही चांद सिंह ने भी गांव की चौधर की है। इनके अलावा जागेराम, चंद्र सिंह व जगेदव सिंह ने भी एक-एक योजना सरपंची की है।
- गांव में हैं तीन पाने
ग्रामीणों के अनुसार गांव में तीन पाने हैं जिनमें जोहड़ पाना, बड़ा पाना व किदाण पाना शामिल है। ग्रामीणों के अनुसार इन चुनावों में पेयजल के पाइप लाइन बिछाने व दूषित पानी की निकासी का मुद्दा ज्यादा हावी रहेगी। गांव के जलघर से नहर तक पाइप लाइन बिछाई जानी है ताकि पेयजल का स्थायी तौर पर समाधान हो जाए।