चंपापुरी जलघर में निर्माणधीन रिर्जव टैंक ।
चरखी दादरी। चंपापुरी स्थित शहर के मुख्य जलघर की पेयजल भंडारण क्षमता बढ़ाने की परियोजना पर तेजी से काम चल रहा है। एजेंसी अब तक टैंक नंबर-3 का निर्माण कार्य 80 फीसदी करवा चुकी है और नवंबर के अंत तक जलघर का बड़ा टैंक बनकर तैयार हो जाएगा। इसके बाद करीब 60 हजार की आबादी को पेयजल संकट से राहत मिलेगी।
बता दें कि चंपापुरी जलघर की भंडारण क्षमता आबादी के हिसाब से काफी कम है। इसके चलते जनस्वास्थ्य विभाग शहर में एक दिन छोड़कर पेयजल आपूर्ति करता है। इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए चंपापुरी और रामनगर जलघर की पानी भंडारण क्षमता बढ़ाने की योजना तैयार की गई थी। इसके तहत विभाग ने 34 करोड़ की परियोजना पर काम शुरू करवा रखा है और चंपापुरी जलघर में इसके तहत नए जलघर का निर्माण करवाया जाना है जबकि पुराने टैंकों का आकार बढ़ाया जाना है।
फिलहाल विभाग ने टैंक नंबर 3 का आकार 148 गुना 125 किया है जबकि गहराई 5.7 मीटर की गई है। विभाग के अधिकारियों की मानें तो टैंक निर्माण कार्य अस्सी फीसदी पूरा हो चुका है और बचे हुए 20 प्रतिशत काम को डेढ़ माह के अंदर पूरा कर दिया जाएगा।
2 एमएलडी क्षमता का बनेगा पानी शुद्धिकरण प्लांट : चंपापुरी जलघर परिसर में तीसरे टैंक निर्माण के साथ दो एमएलडी क्षमता का पानी शुद्धिकरण संयंत्र भी लगाया जाएगा। इसका कार्य भी 90 प्रतिशत पूरा हो चुका है। प्लांट में प्रतिदिन 20 लाख लीटर पानी शुद्ध किया जा सकेगा। इसके बाद सप्लाई में आने वाले पानी की गुणवत्ता भी सुधरेगी।