क्रेच में मौजूद बच्चे, कार्यकर्ता व अभिभावक। स्रोत: विभाग
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- महिला एवं बाल विभाग की ओर से बच्चाें की देखभाल के लिए पांचों जगह तैनात किया गया है स्टाफ, बच्चों को छोड़कर आसानी से काम पर जा रहीं महिलाएं
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से जिले में विभिन्न स्थानों पर 5 क्रेच यानी शिशु गृह संचालित किए हैं। यह सुविधा हाल ही में शुरू की गई है। इससे कामकाजी महिलाओं को काफी राहत मिली है। वे अपने छोटे बच्चों को क्रेच में तैनात स्टाफ के पास छोड़कर काम में ध्यान केंद्रित कर रही हैं।
विभाग की इस पहल का उद्देश्य बच्चों के लिए सुरक्षित और पोषणकारी वातावरण प्रदान करना है। इससे उनकी माताएं अन्य आर्थिक अवसरों का लाभ उठा सकें। उपायुक्त मुनीश शर्मा ने इसको लेकर कहा कि प्रदेश सरकार के निर्देशों पर खोले गए क्रेच का कोई भी कर्मचारी लाभ उठा सकता है।
उपायुक्त ने कहा कि इन केंद्रों में बच्चों को पूर्ण देखभाल प्रदान की जाएगी। इसमें पोषण, स्वास्थ्य जांच और प्रारंभिक बाल्य शिक्षा शामिल होगी। यह पहल बच्चों के समग्र विकास पर सकारात्मक प्रभाव डालेगी और समुदाय को लाभ पहुंचाएगी।
महिला एवं बाल कल्याण विभाग की जिला परियोजना अधिकारी गीता सहारण ने बताया कि जिले में पांच स्थानों पर चलाए जा रहे क्रेच केंद्रों में कार्यकर्ता को भी तैनात किया गया है। कार्यकर्ता बच्चों की देखभाल करती हैं।
- यहां खोले गए हैं क्रेच
गीता सहारण ने बताया कि दादरी शहर की वाल्मीकि बस्ती सामुदायिक केंद्र में सुमनलता, उपायुक्त कैंप कार्यालय के पास बने केंद्र में पूजा रानी, लघु सचिवालय केंद्र में सीता देवी, दंडी आश्रम के पास बने केंद्र में राजेश देवी और गांव छपार के आंबेडकर भवन केंद्र में सुशीला कार्यकर्ता की तैनाती की गई है।