चरखी दादरी। 37 दिन की हड़ताल के बाद शनिवार को सफाई कर्मचारियों के काम पर लौटते ही शहर में सफाई व्यवस्था पटरी पर लौटने लगी। पहले दिन ही 50 टन कचरे का उठान हुआ। ड्यूटी ज्वाइन करने वाले 187 सफाई कर्मचारियों ने अलग-अलग क्षेत्रों में सफाई अभियान चलाया। लंबे समय से जगह-जगह लगे कचरे के ढेर को हटाने के लिए नगर परिषद की ओर से डंपिंग प्वाइंटों पर विशेष अभियान चलाया गया।
शनिवार को मेजबान चौक, चरखी दरवाजा, कॉलेज रोड, बस स्टैंड रोड, पुराना बस स्टैंड, तिकोना पार्क, पुराना डाकघर, रोहतक रोड, काठ मंडी, अग्रसेन धर्मशाला और पुरानी अनाज मंडी के पीछे सहित करीब 10 डंपिंग स्थानों से लगभग 50 टन कचरे का उठान किया गया। इसके साथ ही शहर के सभी 21 वार्डों में डोर-टू-डोर टिप्परों ने घरों से कचरा उठाना शुरू कर दिया। हड़ताल के दौरान बिगड़ी सफाई व्यवस्था को सामान्य करने के लिए कर्मचारी रविवार को अवकाश के दिन भी काम करेंगे।
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मुख्य जगहों की सफाई की
शनिवार सुबह सफाई कर्मचारी ड्यूटी पर लौटे तो नगर परिषद प्रशासन ने प्राथमिकता के आधार पर उन स्थानों की सफाई शुरू करवाई जहां लंबे समय से कचरा जमा था। शहर के प्रमुख डंपिंग प्वाइंटों पर कर्मचारी और कचरा उठाने के लिए जेसीबी, ट्रैक्टर-ट्रॉली व रिक्शा रेहड़ी लगाए गए। सफाई कर्मचारियों ने मेजबान चौक, चरखी दरवाजा, कॉलेज रोड और बस स्टैंड रोड समेत अन्य स्थानों से कचरे को उठाकर निर्धारित स्थान पर पहुंचाया गया। लंबी हड़ताल के चलते कई स्थानों पर कचरे के ढेर जमा हो गए थे। इनमें घरेलू कचरे के साथ बाजारों और दुकानों से निकलने वाला कचरा भी शामिल था। शनिवार को सफाई शुरू होने के बाद इन स्थानों पर धीरे-धीरे कचरे के ढेर कम होते दिखाई दिए।
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21 वार्डों में घर-घर पहुंचा ऑटो टिप्पर
सफाई कर्मचारियों के काम पर लौटने के साथ ही शहर के सभी 21 वार्डों में डोर-टू-डोर कचरा उठान भी शुरू कर दिया गया। ऑटो टिपरों ने विभिन्न कॉलोनियों और मोहल्लों में पहुंचकर घरों से कचरा एकत्र किया। इससे लंबे समय से कचरा घरों में जमा होने और आसपास खाली स्थानों पर फेंके जाने की समस्या से भी लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है। नगर परिषद के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती नियमित सफाई व्यवस्था बहाल करने के साथ-साथ हड़ताल के दौरान जमा हुए कचरे को जल्द से जल्द पूरी तरह हटाने की है।
रविवार को भी कर्मचारी करेंगे सफाई
लंबी हड़ताल के कारण शहर में सफाई व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई थी। जगह-जगह कचरे के ढेर लगने से लोगों को दुर्गंध और गंदगी का सामना करना पड़ रहा था। ऐसे में नगर परिषद प्रशासन ने सफाई व्यवस्था को सामान्य करने के लिए रविवार को भी कर्मचारियों को मैदान में उतारने का निर्णय लिया है। अवकाश के दिन कर्मचारी विभिन्न वार्डों और डंपिंग प्वाइंटों पर सफाई करेंगे।
सफाई व्यवस्था को लेकर अब बढ़ी जिम्मेदारी
कर्मचारियों की वापसी के बाद नगर परिषद के सामने शहर को पूरी तरह साफ करने के साथ व्यवस्था को दोबारा बिगड़ने से रोकने की चुनौती है। इसके लिए डोर-टू-डोर कचरा उठान, डंपिंग प्वाइंटों की नियमित निगरानी और समय पर कचरा उठाने की व्यवस्था जरूरी होगी। शनिवार को करीब 50 टन कचरा उठाया जाना सफाई अभियान की शुरुआत मानी जा रही है।
शनिवार को सभी हड़ताली सफाई कर्मचारियों ने अपने अपने क्षेत्रों में पहुंच सफाई का काम शुरू कर दिया है। सांय पांच बजे तक लगभग 50 टन कचरे का उठान होने की संभावना है। वहीं शहर में बिगड़ी सफाई व्यवस्था को देखते हुए सभी सफाई कर्मचारी रविवार को भी काम जारी रखेंगे।- वाशु सांगवान, कार्यवाहक मुख्य सफाई निरीक्षक एवं जेई नगर परिषद।