महिलाओं की शिकायतों के तेज निपटारे के लिए हरियाणा सरकार ने लिया फैसला
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा सरकार ने राज्य महिला आयोग को और अधिक मजबूत करने का फैसला लिया है। आयोग में सदस्यों की संख्या 5 से बढ़कर अब 7 हो जाएगी। इसके लिए सरकार ने हरियाणा राज्य महिला आयोग (संशोधन) अध्यादेश से संबंधित अधिसूचना जारी की है। सदस्यों की संख्या बढ़ाने के लिए हरियाणा राज्य महिला आयोग अधिनियम 2012 की धारा 3(2)(बी) में बदलाव किया गया है।
सदस्यों की संख्या बढ़ने से आयोग में विभिन्न वर्गों व क्षेत्रों की महिलाओं को प्रतिनिधित्व मिल सकेगा। साथ ही महिलाओं की शिकायतों, अधिकारों और कल्याण से जुड़े मामलों की सुनवाई भी तेज हो सकेगी। यह संशोधन विधानसभा के अगले सत्र में विधेयक के रूप में पेश किया जाएगा। सरकार के मुताबिक राज्य महिला आयोग में बदलाव की जरूरत इसलिए महसूस हुई क्योंकि पिछले कुछ वर्षों में महिलाओं से जुड़े मामलों की संख्या लगातार बढ़ी है। आयोग के पास घरेलू हिंसा, यौन उत्पीड़न, साइबर अपराध और महिला अधिकारों से जुड़े मामलों की संख्या पहले की तुलना में काफी बढ़ गई है। कानूनी जागरूकता बढ़ने, आयोग तक पहुंच आसान होने और लोगों के भरोसे में इजाफा होने से अधिक महिलाएं अपनी शिकायतें दर्ज करा रही हैं। सरकार का मानना है कि मौजूदा पांच गैर-सरकारी सदस्यों वाली व्यवस्था बढ़ते कार्यभार के लिए पर्याप्त नहीं रह गई थी। शिकायतों के समयबद्ध निस्तारण में कठिनाई आ रही थी। इसी कारण आयोग में सदस्यों की अधिकतम संख्या पांच से बढ़ाकर सात करने का फैसला लिया गया है।