48 कोस में 18 नए तीर्थों के सर्वेक्षण का कार्य पूरा
कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड की बैठक में बताया गया कि 48 कोस कुरुक्षेत्र भूमि में पहले से चिन्हित 164 तीर्थ स्थलों के अतिरिक्त अब 18 नए तीर्थों के सर्वेक्षण का कार्य पूरा कर लिया गया है। इन स्थलों पर होने वाले निर्माण के डिजाइन को लेकर एक पीपीटी भी दिखाई गई, जिसमें विस्तार से बताया गया कि इनका डिजाइन एक तरह का होगा, साथ ही इस्तेमाल होने वाले रंग, प्रवेश द्वार, पार्क, हॉल एक जैसे बनेंगे।
अक्टूबर तक बनकर तैयार होंगे सूचना केंद्र
धर्मनगरी कुरुक्षेत्र में आने वाले तीर्थ यात्रियों अथवा पर्यटकों को किसी प्रकार की दिक्कत ना हो, इसके लिए चार सूचना केंद्र खोले जाने हैं। ये सूचना केंद्र 15 अक्टूबर तक खोल दिए जाएंगे। यह सेंटर पिपली के बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, ज्योतिसर व केडीबी पर बनेंगे। इन सेंटर्स के जरिए कोई भी व्यक्ति कुरुक्षेत्र के बारे में कुछ भी जान सकेंगे। इन सेंटरों पर कुरुक्षेत्र की जानकारी मुहैया करवाने वाले पोस्टर एवं बुकलेट भी उपलब्ध रहेगी, जिसमें होटल, टूरिस्ट पैलेस व कुरुक्षेत्र से संबंधित सभी जानकारी होगी।
प्रतिमा के साथ इतिहास का भी उल्लेख हो
सीएम सैनी ने कहा कुरुक्षेत्र में स्थापित प्रतिमा व ऐतिहासिक स्थलों के पास बोर्ड लगाए जाएं, जिनमें इतिहास का उल्लेख हो। उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया, अगर बाण गंगा की प्रतिमा है तो बताया जाए कि इसके पीछे का इतिहास क्या है। बैठक के दौरान गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद ने कहा- इंदौर की तरह कुरुक्षेत्र में भी सफाई व्यवस्था होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि गीता महोत्सव को लेकर ग्लोबल पार्टनर के रूप में जापान को साथ जोड़ा जा सकता है।