राज्य सरकार ने विधेयक पेश किया, ऑनलाइन पोर्टल पर मांगे जाएंगे आवेदन
बुनियादी सुविधाएं देना मुख्य मकसद, मुख्यमंत्री ने बजट सत्र में की थी घोषणा
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा सरकार ने जिस तरह से अवैध कॉलोनियों को नियमित किया था अब उसी तर्ज पर राज्य की औद्योगिक कॉलोनियों को नियमित किया जाएगा। इसके लिए सरकार ने विधानसभा सत्र के दौरान हरियाणा नगर पालिका क्षेत्रों के बाहरी इलाकों में अधूरी नागरिक सुख-सुविधाओं तथा अवसंरचना का प्रबंधन (विशेष उपबंध) संशोधन विधेयक पेश किया है। इस विधेयक के मुताबिक कानून बनने के बाद उद्यमियों से ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से आवेदन मांगे जाएंगे। आवेदन प्राप्त करने से लेकर अंतिम निर्णय तक आवेदकों के खिलाफ सभी कार्रवाई निलंबित रखी जाएंगी। इनमें उन मामलों में कोई विचार नहीं किया जाएगा जो अदालत में लंबित हैं।
विधेयक के मुताबिक कम से कम 50 उद्यमी जिनकी इकाइयां कम से कम 10 एकड़ भूमि पर हैं उन्हें सामूहिक रूप से पोर्टल पर आवेदन करना होगा। ऐसी सभी औद्योगिक इकाइयों को सभी विभागों की ओर से वैध औद्योगिक इकाइयां माना जाएगा जब तक सरकार समूह के आवेदन पर अंतिम निर्णय नहीं ले लेती। उल्लेखनीय है कि हरियाणा के कई शहरों में अवैध रूप से औद्योगिक कॉलोनियां विकसित हो गई हैं।
मुख्यमंत्री ने अपने बजट भाषण में अनधिकृत औद्योगिक कॉलोनियों के नियमितीकरण की घोषणा की थी। उन्होंने कहा कि पिछले दस वर्ष में लगभग 2145 अनधिकृत आवासीय कॉलोनियों को नियमित किया गया है। अब समय आ गया है कि अनधिकृत औद्योगिक कॉलोनियों को भी पक्का किया जाए। बिल बनने के बाद अनधिकृत औद्योगिक प्रतिष्ठानों को बुनियादी नागरिक सुविधाएं और बुनियादी ढांचा मुहैया करवाया जाएगा।