नहीं मिला आतंकी घटनाओं में संलिप्तता का सबूत
इस बीच हिसार के पुलिस अधीक्षक शशांक कुमार सावन ने एक वक्तव्य जारी कर बताया कि अभी तक की पुलिस जांच में पाकिस्तान के लिए जासूसी के आरोप में गिरफ्तार ज्योति मल्होत्रा के किसी आतंकवादी संगठन से संपर्क होने का सीधे तौर पर कोई साक्ष्य नहीं मिला है। वह पाकिस्तान ऑपरेटिव एजेंसी (पीओआई) से जुड़े लोगों के संपर्क में जरूर थी। किसी आतंकवादी घटनाओं में भी उसकी संलिप्तता का कोई तथ्य सामने नहीं आया है। एसपी ने बताया कि ज्योति अभी हिसार पुलिस की हिरासत में है। उसकी किसी भी सैन्य, रक्षा संबंधी जानकारी तक पहुंच होने के बारे में भी अभी काेई तथ्य सामने नहीं आया है। किसी पीओआई से शादी या उसके धर्म परिवर्तन के कोई साक्ष्य भी अभी नहीं मिले हैं।
फोन-लैपटॉप की फॉरेंसिक रिपोर्ट से नहीं मिली
पुलिस अधीक्षक के मुताबिक ज्योति की शादी, उसके धर्म परिवर्तन के बारे में अभी तक कोई साक्ष्य पुलिस के पास नहीं है। आराेपी से तीन माेबाइल फोन, एक लैपटॉप और कुछ अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण कब्जे में लिए हैं। पुलिस ने वीजा उपलब्ध कराने वाले कुरुक्षेत्र निवासी हरकीरत काे भी पूछताछ के लिए बुलाया था। हरकीरत के दो माेबाइल फोन जांच के लिए भेजे हैं। अभी तक विश्लेषण का परिणाम हिसार पुलिस काे नहीं सौंपा गया है। उन्होंने बताया कि मोबाइल, लैपटॉप की फॉरेंसिक लैब से रिपोर्ट नहीं मिली है। व्हाट्स एप चैट के बारे में अभी कुछ टिप्पणी नहीं की जा सकती। ज्योति की कथित डायरी के जो पन्ने सार्वजनिक रूप से दिखाए जा रहे हैं, वाे पुलिस के कब्जे में नही हैं।
पुलिस का दावा-नोमान पर आरोप साबित करने के लिए मिले पर्याप्त सबूत
जासूसी के आरोप में गिरफ्तार नोमान इलाही के खिलाफ पानीपत पुलिस को पर्याप्त सबूत मिल गए हैं। इसमें ज्यादातर सबूत डिजिटल से संबंधित हैं। नोमान के संपर्क में रहे कुछ संदिग्धों से अभी पूछताछ की जानी है। जल्द ही इस मामले में आरोपपत्र भी दाखिल किया जाएगा। एसपी भूपेंद्र सिंह ने बताया कि 16 मई को पुलिस टीम नोमान को लेकर कैराना स्थित उसके घर पहुंची थी। नोमान ने बताया था कि वह 2017 में पाकिस्तान गया था, लेकिन अभी तक नोमान के दूसरा पासपोर्ट बरामद नहीं हुआ है। पुलिस नोमान के संपर्क में आए 60 से अधिक लोगों से पूछताछ कर चुकी है। अभी कुछ अन्य संदिग्धों से पूछताछ होनी है, जो लंबे समय से नोमान के संपर्क में हैं। पुलिस ने नोमान का मोबाइल फोन भी जांच के लिए लैब भेजा था। 19 मई को लैब से मोबाइल का कुछ डाटा मिल था लेकिन उसमें उसकी कॉल हिस्ट्री, वीडियो और फोटो की जानकारी नहीं थी। जल्द ही नोमान के मोबाइल का बाकी डाटा भी मिल जाएगा। इसके बाद बाकी संदिग्धों से पूछताछ होगी। एसपी का कहना है कि उन्हें अब तक की जांच में इतने सबूत मिले गए हैं, जिससे उस पर आरोप साबित हो सके। जल्द ही उसके खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल कर दिया जाएगा।