- 20 हजार से ज्यादा लोगों ने छोड़ी लत की राह पकड़ी, नियम तोड़ने पर 3,848 चालान
चंडीगढ़। वित्त वर्ष 2025-26 की पहली दो तिमाहियों में राज्य ने 12,865 शैक्षणिक संस्थानों को तंबाकू मुक्त और 1,128 गांवों को भी तंबाकू मुक्त घोषित करवाया गया है। स्वास्थ्य व परिवार कल्याण विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुमिता मिश्रा ने बताया कि जनभागीदारी और विभिन्न विभागों के समन्वय से हरियाणा तंबाकू नियंत्रण के क्षेत्र में अग्रणी राज्यों में शामिल हो गया है। तंबाकू नियंत्रण की शपथ दिलाने के मामले में भी प्रदेश ने देशभर में दूसरा स्थान हासिल किया है।
इस दौरान सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान सहित विभिन्न उल्लंघनों के लिए कोटपा अधिनियम के तहत 3,848 चालान किए गए और 1.82 लाख रुपये का जुर्माना वसूला गया। वहीं इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट निषेध कानून के तहत छह मामले दर्ज कर 33 ई-सिगरेट जब्त की गईं।
तंबाकू छोड़ने वालों की मदद के लिए जिला अस्पतालों और 17 मेडिकल व डेंटल कॉलेजों में संचालित नशा मुक्ति केंद्रों ने 20,414 लोगों को परामर्श और उपचार उपलब्ध कराया। राज्य तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम के नोडल अधिकारी डॉ. ब्रह्मदीप सिंह ने बताया कि पहली छमाही में 13,524 शैक्षणिक संस्थानों का मूल्यांकन किया गया। 10,500 से अधिक तंबाकू मुक्त शपथ कार्यक्रम, 4,255 स्कूल रैलियां और 4,633 जागरूकता प्रतियोगिताएं कराई गईं। इसके अलावा 1,444 ग्राम सभाओं, 2,247 जागरूकता कार्यक्रमों और 1,002 ग्राम स्तरीय समितियों के गठन से गांवों में भी तंबाकू के खिलाफ जन आंदोलन को मजबूती मिली है।