भिवानी। दो नाबालिग बहनों को अगवा करने के मामले में न्यायालय ने दोषी आनंद को तीन साल की कैद और 17 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना राशि न भरने पर अतिरिक्त सजा का प्रावधान किया है। पॉक्सो की फास्ट ट्रैक कोर्ट की अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश सोनीका ने चरखी दादरी के बिलावल निवासी आनंद को दोषी करार दिया। दोषी को पॉक्सो एक्ट के तहत तीन साल की कैद और सात हजार रुपये जुर्माना, धारा 363 में दो साल की कैद और पांच हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। धारा 366 में तीन साल की कैद और पांच हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है।
बहल पुलिस थाना में 2020 में एक व्यक्ति ने शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें उसने अपनी दो नाबालिग बेटियों को खेत से घर आते समय रास्ते में एक पिकअप गाड़ी चालक द्वारा बहला फुसलाकर उनका घर छोड़ने के बहाने से अपहरण कर लिया। दोनों लड़कियों को आरोपी किसी अन्य जगह पर ले गया और गाड़ी खराब होने पर छोड़ कर भाग गया था। बहल पुलिस ने नाबालिग लड़कियों के मजिस्ट्रेट के समक्ष बयान दर्ज कराए। वहीं, महत्वपूर्ण साक्ष्यों का आकलन कर आरोपी आनंद को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। इसी मामले में न्यायालय ने दोषी करार देते हुए सजा सुनाई है।