भिवानी। पिछले तीन साल से सात बार दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम नगर परिषद और हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण को भूमि के लिए रिमांइडर भेज चुका है। मुद्दा भिवानी में मुख्यमंत्री जनसंवाद में भी गूंजा, लेकिन अब नगर परिषद ने शहर में नया पावर सब स्टेशन बनाने के लिए जगह देने से साफ इन्कार कर दिया है। वहीं हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण का मामला भी भूमि को लेकर अटका हुआ है।
बिजली निगम ने शहर में दो नए 33 केवी पावर सब स्टेशन निर्माण के लिए नगर परिषद और एचएसवीपी से भूमि देने का प्रस्ताव रखा था, जिस पर निगम दो नए सब स्टेशन बनाकर तैयार कराएगा। शहरी दायरा बढ़ने के साथ ही बिजली की मांग बढ़ने पर नए सब स्टेशनों की जरूरत महसूस हो रही है। वहीं पुराने सब स्टेशनों की बिजली लाइनें भी करीब 11 किलोमीटर लंबी हैं, जिनमें फाल्ट आने से दिक्कतें बनती हैं। नए सब स्टेशन बनने से बिजली लाइनें छोटी हो जाएंगी और दायरा बढ़ने पर भी लोगों को ढांचागत बिजली सुविधाएं आसानी से मुहैया कराई जा सकेंगी।
शहर के दादरी और लोहारू रोड पर 33 केवी का नया सब स्टेशन बनना प्रस्तावित है। इसी तरह शहर के औद्योगिक सेक्टर 21 और 23 के लिए भी रोहतक रोड पर नया 33 केवी सब स्टेशन निर्माण होना है। इन दोनों ही सब स्टेशनों को बनाने के लिए दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम को भूमि की आवश्यकता है। एक सब स्टेशन के लिए करीब दो एकड़ भूमि जरूरी है। पिछले तीन सालों से निगम नगर परिषद और एचएसवीपी को रिमाडंर पर रिमाइंडर भेजता आ रहा है।
अब नगर परिषद ने निगम को नया सब स्टेशन निर्माण के लिए भूमि देने से साफ इन्कार कर दिया है। हालांकि नगर परिषद के पास दादरी रोड पर करीब 171 एकड़ भूमि है जो हाल ही में अब नगर परिषद के नाम दर्ज हो गई है। पहले ये भूमि जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग को ट्रांसफर हो गई थी। नगर परिषद इस भूमि पर अब अपनी आमदनी बढ़ाने के लिए व्यवसायिक गतिविधियां चलाने के लिए योजनाओं का खाका तैयार करने में जुटा है। नगर परिषद का दादरी रोड पर डंपिंग स्टेशन और जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग का डिस्पोजल व वाटर ट्रीटमेंट प्लांट भी पहले से बना हुआ है।
क्यों जरूरी हैं शहर के लिए नए सब स्टेशन
निगम के औद्योगिक सेक्टर में 132 केवी और 33 केवी का सब स्टेशन हैं। इससे औद्योगिक सेक्टर 21 और 23 की औद्योगिक इकाइयों के अलावा गांव बामला, पालुवास, नौरंगाबाद सहित रोहतक रोड पर शहर की कुछ कॉलोनियों को बिजली आपूर्ति दी जा रही है। रोहतक रोड पर ट्रांसपोर्ट नगर का भी निर्माण होना है। वहीं शहर का दायरा भी रोहतक रोड पर काफी दूर तक बढ़ा है। ऐसे में यहां बिजली जरूरतों को पूरा करने के लिए नया सब स्टेशन निर्माण जरूरी है। इसी तरह गांव हालुवास के 132 केवी सब स्टेशन से दादरी, लोहारू रोड की कॉलोनियों और आसपास के गांवों को बिजली आपूर्ति मिल रही है। यहां पर भी करीब 11 किलोमीटर लंबी बिजली लाइनें हैं। नया सब स्टेशन बनने के बाद इन लाइनों को छोटा किया जा सकेगा। वहीं आपूर्ति में कोई बाधा नहीं आएगी और दायरा बढ़े हुए इलाके में भी निगम नए बिजली कनेक्शन दे पाएगा।
ये हैं फिलहाल शहर में बिजली सब स्टेशन
- 33 केवी के तीन सब स्टेशन
- 132 केवी के तीन सब स्टेशन
- 220 केवी का एक सब स्टेशन
- 33 केवी के औद्योगिक क्षेत्र में दो सब स्टेशन
शहर में 33 केवी के दो नए सब स्टेशन बनने प्रस्तावित हैं, जिनकी मंजूरी भी मिल चुकी है। एक सब स्टेशन पर करीब सात करोड़ का बजट खर्च होगा। एक सब स्टेशन के लिए दो एकड़ भूमि की आवश्यकता है। नगर परिषद और एचएसवीपी को काफी बार पत्र लिखे हैं रिमाइंडर भेजे हैं, मगर अभी तक कोई जवाब नहीं आया है। भूमि उपलब्ध होते ही सब स्टेशन निर्धारित सीमा में तैयार कराया जाएगा।
- रणबीर सिंह, महाप्रबंधक, भिवानी सर्कल, दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम।
मुख्यमंत्री के भिवानी जनसंवाद के दौरान जिला भिवानी उद्योग संघ की ओर से औद्योगिक सेक्टर में नया 33 केवी सब स्टेशन निर्माण के लिए भूमि मुहैया कराए जाने की मांग रखी गई थी। बिजली निगम सब स्टेशन बनाने को तैयार है, भूमि के लिए एचएसवीपी से भी अनुरोध किया है। औद्योगिक सेक्टर में जगह भी खाली पड़ी है, जिस पर सब स्टेशन बन सकता है। गांव पालुवास की पंचायत से भी बातचीत कर रहे हैं। उद्योगों में बिजली आपूर्ति के लिए नया सब स्टेशन निर्माण जरूरी है।
- शैलेंद्र जैन, अध्यक्ष, जिला भिवानी उद्योग संघ, भिवानी।
नगर परिषद की दादरी रोड पर 171 एकड़ भूमि है। जिस पर नगर परिषद अपनी आमदनी बढ़ाने के लिए व्यवसायिक गतिविधियों में इस्तेमाल करेगा। नगर परिषद करोड़ों रुपयों की जगह नहीं देगा। निगम को अगर सब स्टेशन निर्माण करना है तो आसपास गांवों के संबंधित किसानों से भूमि अधिग्रहण कर सकता है। नगर परिषद सब स्टेशन के लिए जगह मुहैया नहीं कराएगा।
- सुरेंद्र सांगवान, म्यूनिसिपल इंजीनियर, नगर परिषद भिवानी।