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Bhiwani News: अब मरीज की हालत के अनुसार मिलेगा अस्पताल के आपातकालीन विभाग में बेड

Mon, 08 May 2023 12:53 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
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नागरिक अस्पताल के आपातकालीन विभाग में बनाया गया रेड जोन।
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भिवानी। स्वास्थ्य विभाग ने नागरिक अस्पताल के आपातकालीन विभाग में मरीजों को बेहतर चिकित्सा सुविधा देने के लिए विशेष व्यवस्था की है। अब आपातकालीन विभाग में मरीजों की हालत देखते हुए जोन में बेड दिया जाएगा। इसमें तीन जोन बनाए हैं, जोकि रेड, येलो और ग्रीन जोन है।
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नागरिक अस्पताल में इससे पहले मरीजों को अलग-अलग जगह दाखिल तो किया जाता था, लेकिन उनकी बीमारी का स्तर चिकित्सक एकदम से समझ नहीं पाते थे। अब मरीज की हालत की पहचान जोन के अनुसार हो जाएगी। इसमें गंभीर मरीजों को रेड जोन, थोड़े कम गंभीर को येलो और प्राथमिक उपचार वाले मरीजों को ग्रीन जोन में भर्ती किया जाएगा। वहीं चिकित्सकों ने बताया कि येलो जोन में दाखिल मरीजों को दो दिन के बाद वार्ड में शिफ्ट कर दिया जाएगा, ताकि आपातकालीन विभाग में अन्य मरीजों को दाखिल किया जा सके। इसके अलावा ग्रीन जोन में दाखिल मरीज चार से छह घंटे के लिए दाखिल रहेंगे, जिसके बाद वे अपने घर जा सकते हैं। रेड जोन में माइनर ओपीडी और आईसीयू शामिल किए हैं। आपातकालीन विभाग में आईसीयू के दो बेड की सुविधा है। वहीं आपातकालीन विभाग में डेड बॉडी रखने के कक्ष को ब्लैक जोन बनाया है।

जोन विभाजन की चिकित्सक की जिम्मेदारी
आपातकालीन विभाग में एक दिन में तीन शिफ्टों में चिकित्सक ड्यूटी देते हैं। इसमें प्रत्येक चिकित्सक आठ घंटे की ड्यूटी करते हैं। आपातकालीन विभाग में चेकअप स्लीप बनवाने के बाद जब मरीज चिकित्सक से जांच करवाने पहुंचेंगे तो चिकित्सक मरीज की हालत के अनुसार उन्हें संबंधित जोन में दाखिल करेंगे। मरीज को जोन में दाखिल करने के बाद उसकी दवा, इंजेक्शन की जिम्मेदारी नर्सिंग ऑफिसर की होगी।
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रेड जोन के मरीजों की देखभाल होगी प्राथमिकता
ड्यूटी खत्म होने के बाद चिकित्सक जब आपातकालीन विभाग से जाते हैं तो दूसरे चिकित्सक को मरीजों की हिस्ट्री पहचानने में समय लगता है। जोन बनने के बाद डॉक्टर की प्राथमिकता होगी कि वे पहले रेड जोन वाले मरीजों की देखभाल करें। इसके बाद येलो और ग्रीन जोन वाले मरीजों को उपचार दिया जाएगा। इससे मरीजों को क्रिटिकल मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मिलेगी। जोनिंग प्रक्रिया के बाद मरीजों को दिए जाने वाले इलाज में गुणवत्ता आएगी। साथ ही स्टाफ पर भी काम का दबाव कम होगा।

नागरिक अस्पताल में मरीजों को बेहतर चिकित्सा सुविधा देने के लिए लगातार कार्य किए जा रहे हैं। जोन विभाजन से मरीजों को उनकी हालत के अनुसार समय पर उपचार मिल सकेगा। गंभीर हालत के मरीजों को अधिक उपचार की जरूरत रहती है इसलिए उन्हें रेड जोन में शामिल किया जाएगा। आपातकालीन विभाग में ड्यूटी चिकित्सक की जिम्मेदारी है कि वे मरीज की हालत के अनुसार उन्हें जोन में दाखिल करें।
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- डॉ. एडविन, प्रधान चिकित्सा अधिकारी।
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