भिवानी। इन्फ्लूएंजा वायरस यानी एच3 एन2 को लेकर स्वास्थ्य विभाग लगातार सतर्कता बरता रहा है। रविवार को भी नागरिक अस्पताल के आपातकालीन विभाग के पास बनाया फ्लू कॉर्नर खुला रहा है, जहां पर कोरोना के साथ इन्फ्लूएंजा वायरस के आशंकित मरीजों के सैंपलिंग की व्यवस्था है। हालांकि रविवार को कोई भी नया सैंपल नहीं लिया गया। फ्लू कॉर्नर में खांसी, जुकाम से ग्रस्त कुल 14 मरीज आए, जिन्हें प्राथमिक जांच के बाद आपातकालीन विभाग में तैैनात चिकित्सक से दवा का परामर्श दिया।
वहीं जिले में इस साल कुल 13 आशंकित मरीजों के टेस्ट किए हैं, जिनकी रिपोर्ट निगेटिव आई है। 70 से 80 फीसदी माइल्ड टू मॉडरेट होकर यह फ्लू अपने आप ठीक होने वाली बीमारी है। इसके लक्षण एक सप्ताह से ज्यादा खांसी, जुकाम, गला खराब होना, सांस लेने में दिक्कत, बॉडी में दर्द होना है। समय रहते इलाज नहीं लिया गया या लापरवाही की तो मौत होने के संभावनाएं भी बढ़ जाती है। फ्लू के लिए भी कोविड वाले नियमों की पालना करना जरूरी है। फ्लू से ग्रस्त मरीज के लिए वार्ड नंबर 9 आइसोलेशन बनाया गया है, जोकि 36 बेड की सुविधा है। इसकी एंटी वायरस टेबलेट भी है, जिसे ज्यादा दिक्कत होती है उसे 7 दिन तक 75एमजी देते हैं।
जिले में इन्फ्लूएंजा वायरस का अब तक कोई मरीज सामने नहीं आया है। नागरिक अस्पताल में बनाए फ्लू कॉर्नर में आशंकित मरीजों की सैंपलिंग की व्यवस्था है, जहां से सैंपल पीजीआई भेजे आ रहे है। नागरिकों से अपील है कि वे घबराएं नहीं, इस फ्लू का सामान्य उपचार है। बार-बार हैंडवॉश करें, सोशल डिस्टेंस रखें, मास्क या कपड़े से मुंह को ढकें।
- डॉ. रघुवीर शांडिल्य, सिविल सर्जन, भिवानी।