भिवानी। साइबर क्राइम पुलिस ने फेसबुक और टेलीग्राम पर नौकरी दिलाने के नाम पर धोखाधड़ी के मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश कर चार दिन के पुलिस रिमांड पर हासिल किया है। पुलिस ने आरोपी से 24 हजार रुपये व एक धोखाधड़ी के लिए इस्तेमाल किया गया मोबाइल फोन भी बरामद किया है। साइबर क्राइम भिवानी की टीम ने बीकानेर से एक आरोपी को गिरफ्तार किया।
साइबर क्राइम पुलिस थाना प्रबंधक उप निरीक्षक विकास कुमार ने बताया कि गांव लेंघा निवासी एक व्यक्ति ने एक मार्च को शिकायत दी थी। जिसमें उसने पुलिस को बताया कि उनके फेसबुक अकाउंट पर मार्केट प्लेस पर जॉब के बारे में देखा था। जो मार्केट प्लेस पर नौकरी के लिए के लिंक आया उस लिंक को क्लिक करने पर एक टेलीग्राम में पायल गुप्ता के नाम से आईडी खुल गई थी। जो आईडी पर चेट करने पर आईडी चलाने वाले ने नौकरी दिलवाने के नाम पर नौकरी के लिए मेंबरशिप लेने, रजिस्ट्रेशन करवाने, मीटिंग फिक्स करवाने, होटल बुकिंग करवाने, किट लेने के लिए, सेफ्टी सिक्योरिटी के लिए, मीटिंग अरेंजमेंट के नाम पर ऑनलाइन 75,398 रुपये की धोखाधड़ी की। इस संबंध में केस दर्ज किया था।
साइबर थाना के सहायक उप निरीक्षक विजय कुमार के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया था। टीम ने ऑनलाइन धोखाधड़ी में तकनीकी साक्ष्यों का आकलन करने के बाद एक आरोपी को बीकानेर से गिरफ्तार किया। जिसकी पहचान शिव सिंह वासी वार्ड दो पंचपीठ की ढाणी गिराजासर कोलायत बीकानेर राजस्थान के रूप में की है। पुलिस ने आरोपी को चार दिन के पुलिस रिमांड पर लिया। इस दौरान पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह एमएससी का छात्र है। वहीं अपने दो अन्य साथियों के साथ मिलकर नौकरी लगवाने के नाम पर लड़कियों के नाम से मार्केट प्लेस व टेलीग्राम पर फर्जी आईडी बनाते हैं और अलग-अलग चार्ज लेने के बाद पीड़ित को ब्लॉक कर देते हैं। पुलिस ने आरोपी से 24000 रुपये व एक मोबाइल फोन को बरामद किया है। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास किया जा रहे हैं जिन्हें जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा।
पुलिस की ओर से स्कूल, कॉलेज, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन व सोशल मीडिया के माध्यम से आम जनता से बार-बार अपील की जाती है कि ऑनलाइन किसी भी अनजान लिंक को न तो क्लिक करें और मोबाइल फोन पर या ऑनलाइन अपनी वित्तीय जानकारी व रुपये का लेनदेन न करें। लेकिन आम जनता आरोपियों द्वारा दिए गए प्रलोभन में आकर साइबर फ्रॉड का शिकार हो जाते हैं अगर कोई भी जिला वासी किसी भी ऑनलाइन साइबर फ्रॉड का शिकार होता है तो इसकी तुरंत सूचना 1930 पर अवश्य दर्ज करवाएं।
-उपनिरीक्षक विकास कुमार इंचार्ज साइबर क्राइम पुलिस थाना भिवानी।