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गला घोंटा, आग लगाई, मुंह में ठूंसे दस्ताने

Sun, 03 Apr 2016 12:54 AM IST
ब्यूरो /अमर उजाला
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चरखी दादरी। प्रेम नगर निवासी नवविवाहिता पंकज देवी की हत्या उसके पति ने ही की थी। गला घोंटने के बाद इसे हादसे का रूप देने के लिए गैस का रेगुलेटर खोलकर आग लगा दिया। अस्पताल ले जाते समय झुलसी पंकज देवी की सांसें चलती देखकर अमित ने दस्ताने उसके मुंह में ठूंस दिया। यह खुलासा मृतका के पति अमित ने पुलिस रिमांड के दौरान किया है। पुलिस ने इस मामले में आरोपी के पिता को भी गिरफ्तार कर लिया है, जबकि परिवार के अन्य सदस्य फरार हैं। रिमांड के दौरान अमित ने हत्या करने सबूत मिटाने के लिए शव को खुर्द-बुर्द करना भी स्वीकारा है। 
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प्रेम नगर निवासी विवाहिता की 28 मार्च को मौत हो गई थी। मृतका के मुंह से ठूंसे मिले दस्ताने ने शक की सुई दूसरी तरफ घुमा दी। मृतका के पिता ने इसे हत्या बताकर उसके पति, सास-ससुर, ननद और उसके पति के खिलाफ साजिशन दहेज हत्या की शिकायत पुलिस को दी थी। पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज कर मुख्य आरोपी अमित को गिरफ्तार कर कोर्ट से रिमांड पर लिया था।

रिमांड के दौरान आरोपी अमित ने मामले का खुलासा कर दिया। पुलिस के अनुसार आरोपी ने बताया कि पहले उसने अपनी पत्नी पंकज देवी का गला घोंटा। इसके बाद रेगुलेटर से गैस की पाइप निकालकर रसोई के बाहर से ही तीली जला दी और स्वयं दौड़कर कमरे में चला गया। धमाका होने पर पड़ोस के लोग भी मौके पर पहुंचे। जब आग की लपटों से झुलसी पंकज को लेकर सिविल अस्पताल ले जाया जा रहा था, तो भी अमित ने अपना कहर जारी रखा। पंकज देवी की सांसें चलती देखकर अमित को अपने फंसने का डर सताने लगा।
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उसने कंबल की आड़ में एक दस्ताने को उसके मुंह में ठूंस दिया। पुलिस पूछताछ में अमित ने बताया कि पत्नी के तड़पकर दम तोड़ने के बाद वह मुंह से दस्ताने निकालना भूल गया। सिविल अस्पताल में शव की जांच करने पर चिकित्सक और अन्य कर्मचारियों को मुंह में मिले दास्ताने और शरीर से आ रही गंध से मामला हत्या का लगा। इसके बाद अस्पताल कर्मचारियों ने शव को अस्पताल परिसर में रखवाकर पुलिस को मामले की सूचना दी।

इसके बाद पुलिस और परिजनों की मौजूदगी में चिकित्सक ने शव के मुंह से ठूंसा दस्ताने बाहर निकाला। 29 मार्च को चिकित्सकों के तीन सदस्यीय पैनल ने भी पोस्टमार्टम के बाद हत्या की आशंका जाहिर की थी। मुख्य आरोपी अमित ने न केवल पूर्व फौजी जयपाल के परिवार को दुख दिया बल्कि अपने हंसते खेलते परिवार को उजाड़ दिया। अमित के इस कदम से पिता भी सलाखों के पीछे बंद हैं जबकि अन्य परिजन फरार हैं।

कोट
अमित ने रिमांड के दौरान हत्या करने और आग लगाने की बात कबूल ली है। आरोपी ने अस्पताल ले जाते समय मुंह में दस्ताने ठूंसने की भी पुष्टि की है। रिमांड के दौरान कबूलनामे के बाद उसे जेल भेज दिया गया है। वहीं, आरोपी के पिता जयसिंह को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।  - सुखबीर सिंह, सिटी थाना प्रभारी
      
चार माह पहले हुई थी शादी
लोहारू के गांव बरालु निवासी मृतका पंकज की शादी पांच दिसंबर 2015 को चरखी दादरी शहर में प्रेमनगर निवासी अमित के साथ हुई थी। मृतका भिवानी के एक कालेज में अंग्रेेजी विषय में एमए कर रही थी। पंकज अपने पिता जयपाल की इकलौती बेटी थी। मृतका का पिता जयपाल भारतीय सेना से रिटायर्ड हैं। पिता जयपाल सिंह का आरोप है कि पंकज की शादी के कुछ दिन बाद ही उसके ससुराल पक्ष के लोग उसे प्रताड़ित करने लगे थे। ससुराल पक्ष के लोग दहेज की मांग कर रहे थे।
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