बाल भिक्षा के खिलाफ छेड़े अभियान के तहत आईजी क्राइम ब्रांच की टीम ने छह बच्चों को पकड़ा। उनकी जानकारी के लिए टीम जब सिंघीकाट मोहल्ला पहुंची तो वहां महिलाएं बिफर गईं और टीम के साथ गाली-गलौज की।
बाद में महिला पुलिस, चाइल्ड वेलफेयर सोसायटी की सदस्य वहां पहुंची तो महिलाओं ने माफी मांगी। टीम सदस्यों ने बच्चों से भीख मंगवाने की बजाय उन्हें पढ़ाने के निर्देश दिए।
आईजी के निर्देश पर बाल भिक्षा के खिलाफ क्राइम ब्रांच की टीम ने विशेष अभियान छेड़ा है। अभियान के तहत क्राइम ब्रांच की टीम ने एमसी कालोनी और चिड़ियाघर रोड से कुछ बच्चों को भीख मांगते और आवारा घूमते पकड़ा।
जब टीम सदस्य बच्चों को उनके परिजनों को सौंपने और उनकी जानकारी लेने सिंघीकाट मोहल्ला पहुंचे तो वहां महिलाएं बिफर गईं। बात इतनी बिगड़ी की महिलाओं ने गाली-गलौज शुरू कर दी। इसके बाद टीम चाइल्ड वेलफेयर सोसायटी सदस्य रोज बोहरा, महिला पीसीआर मौके पर पहुंची।
मामला बिगड़ते देख विरोध करने वाली महिलाओं ने माफी मांगी। मामले में चाइल्ड वेल्फेयर सोसायटी सदस्य सरोज बोहरा, क्राइम ब्रांच टीम सदस्यों ने बताया कि महिलाओं ने अभद्र व्यवहार के लिए महिलाओं ने माफी मांग ली। अब बच्चों को स्कूल में भी भेजने की बात कही है।
स्कूल वाले ही निकाल देते हैं
सिंघीकाट मोहल्ला में जब चाइल्ड वेलफेयर सोसायटी सदस्य सरोज ने महिलाओं को अपने बच्चों स्कूल में भेजने के लिए प्रेरित किया तो महिलाओं ने कहा कि बच्चे स्कूल जाते हैं। मगर स्कूल संचालक ही बच्चों को निकाल देते हैं। इसके बाद उन्हें इस बारे में स्कूल प्रशासन से बात करने की बात कही।