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Bhiwani: KCC खाते की लिमीट बढ़ा करीब चार करोड़ की ठगी का शिकार हुए किसान, बैंक में गड़बड़ी को लेकर हुई पंचायत

Sat, 12 Aug 2023 12:32 PM IST
नवीन दलाल संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी (हरियाणा)

सार

ठगी का शिकार हुए ग्रामीणों ने इस मामले को लेकर पंचायत की है, जिसमें गांव कुंगड़ बड़ा पाना सरपंच प्रतिनिधि नवीन कुंगड़, कुंगड़ छोटा पाना सरपंच रोहित कुमार सहित भारतीय स्टेट बैंक के तीन उच्च अधिकारियों की मौजूदगी में ठगी का शिकार हुए लोगों ने बारी बारी कर अपनी बात रखी।
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गांव कुंगड़ में पंचायत - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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भिवानी में भारतीय स्टेट बैंक की शाखा कुंगड़ प्रबंधक अभिषेक जरोरा के चहेतों पर पीकेसीसी, केसीसी व मुद्रा लोन के नाम पर पैसे एठने के आरोप एक साल से लग रहे हैं। हद तब पार हुई जब बैंक प्रबंधक ने किसानों के केसीसी खाता में जमा पुंजी व खाते से लोन की लिमीट बढ़ाकार खाते से राशि निकाली गई। जब कुछ दिन पहले किसान ने लोन सेटलमेंट निकलवाई तो ग्रामीणों को इस धोखाधड़ी की भनक लगी।

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समाधान के लिए बैंक प्रबंधन सोमवार से करेगा जांच शुरू
पड़ताल में सामने आया कि प्रबंधक अभिषेक जरोरा ने 1700 के करीब पीकेसीसी व 50 के करीब मुद्रा लोन जारी किए हैं। करीब 60 फीसदी लोन ऐसे हैं, जिहें पास करने के लिए प्रबंधक के चहेतों ने 10 से 30 हजार रूपए तक हड़पे हैं। पीकेसीसी व मुंद्रा लोन में हुई गड़बड़ी को ढ़कने के लिए प्रबंधक पर केसीसी खातों से गलत तरीकों से पैसे निकाल करीब चार करोड़ की ठगी होने का अंदेशा है। 

जांच कमेटी में अधिकारियों के अलावा गांव के लोग भी होंगे सामिल 
ठगी का शिकार हुए ग्रामीणों ने इस मामले को लेकर पंचायत की है, जिसमें गांव कुंगड़ बड़ा पाना सरपंच प्रतिनिधि नवीन कुंगड़, कुंगड़ छोटा पाना सरपंच रोहित कुमार सहित भारतीय स्टेट बैंक के तीन उच्च अधिकारियों की मौजूदगी में ठगी का शिकार हुए लोगों ने बारी बारी कर अपनी बात रखी। पंचायत में बैंक के उच्च अधिकारियों ने माना की कुंगड़ एसबीआई शाखा में मोटी गड़बड़ी हुई है।
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इसको लेकर बैंक के उच्च अधिकारियों ने प्रबंधक अभिषेक जरोरा की जगह रजनीश शर्मा को चार्ज सौंप दिया है। गड़बड़ी की तह तक जाने के लिए बैंक के उच्च अधिकारी सोमवार से जांच शुरू करेंगे। प्रबंधक अभिषेक जरोरा को बर्खास्त कर चांच में पाए जाने वाले सभी दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने का बैंक अधिकारियों ने पंचायत में भरोसा दिया है। 

अभिषेक जरोरा ने कबूला, चहेतों के कहने पर हुई गड़बड़ी
एसबीआई कुंगड़ शाखा प्रबंधक अभिषेक जरोरा ने ये बात खुद कबूली है कि उनसे गड़बड़ी हुई है। जरोरा ने बताया कि उन्हें विश्वास में रख उनके चहेतों ने लोगों से पैसे हड़पे हैं। उन्होने कबूला है कि चहेतों की मान कर पीकेसीसी व मुद्रा लोन के पैसे बैंक से पास हुए बिना ही केसीसी खातों से छेड़छाड़ कर दो करोड़ के करीब राशि उन्हें बांटी दी।

सोचा था जिनको पीकेसीसी व मुद्रा लोन की राशि बिना लोन पास हुए बांटी थी, उनका लोन पास होने के बाद सभी केसीसी खातों में वापस राशि डाल देंगे। मगर उससे पहले ये सारी पोल खुल गई। अभिषेक ने कहा है कि उन्होंने एक पैसा नहीं लिया भाईचारे की भावना में बह कर उनसे ये सारी गड़बड़ी हुई हैं। गांव वाले अगर कुछ समय दें तो वे सबके पैसों की भरपाई कर देंगे।

प्रबंधक पर कार्रवाई नहीं हुई तो बैंक को जड़ सकते हैं ग्रामीण ताला
पंचायत में बैंक के आला अधिकारियों ने माना है कि बैंक में लंबे समय समय से गड़बड़ी चल रही है। इस मामले में उन्होंने बैंक प्रबंधक व उनके सहयोगियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का भरोसा भी दिया है। मगर ग्रामीण बोल रहे हैं कि गांव के साथ इतनी बड़ी धोखाधड़ी हुई है और अभी तक न जांच शुरू हुई न प्रबंधक सहित सभी चहेतों पर कोई कार्रवाई।

पंचायत में ग्रामीणों ने बैंक के आला अधिकारियों को सोमवार तक का वक्त दिया है। अगर सोमवार तक बैंक प्रबंधक पर कोई कार्रवाई व जांच शुरू नहीं होती है तो ग्रामीण बैंक को ताला जड़ने की बात कह रहे हैं। अब देखना ये है कि क्या ठगी का शिकार हुए उन किसानों व पशुपालकों के पैसों की भरपाई हो पाएगी या नहीं।

पीकेसीसी में वीएस डॉक्टर की मोहर व हस्ताक्षरों का भी हुआ गलत प्रयोग
पड़ताल में सामने आया है कि एसबीआई कुंगड़ से करीब 1700 पीकेसीसी को मंजूर कर राशि जारी की गई है। इसमें से 170 के करीब केस ऐसे भी हैं जिनके घर सालों से पशु तक नहीं बंधे थे और उनके भी पीकेसीसी को पशु विभाग के वीएस डॉक्टर राकेश कुमार की मंजूरी के बाद बैंक प्रबंधक ने राशि जारी कर रखी है।

अब ऐसे में इस बारे में जब पशु विभाग से वीएस डॉ. राकेश कुमार से बात हुई तो उन्होंने बताया कि उन्होंने अपना काम सही तरीके से कर रखा है, करीब 600 पशुपालकों के घर जाकर ही पीकेसीसी को मंजूर कर बैंक को भेजा है। मगर डॉ. राकेश कुमार ने एक बात और कही कि उन्हें भनक थी कि कहीं न कहीं उनकी मोहर व हस्ताक्षरों को कोई ओर भी इस्तेमाल कर रहा है, जिस पर उन्होने 22 फरवरी को पुलिस महकमे में ऑनलाइन शिकायत भी दर्ज करवाई है। 

आसपास के गांवों के लोगों के साथ भी हुई है धोखाधड़ी
कुंगड़ सरपंच प्रतिनिधि नवीन कुंगड़ व कुंगड़ छोटा पाना सरपंच रोहित कुमार ने बताया कि आस पास के गांव के लोगों के उनके पास फोन आ रहे है कि आपके गांव के बैंक ने हमारे साथ धोखाधड़ी की है। एसबीआई कुंगड़ शाखा के साथ कुंगड़ की दोनों पंचायतों के अलावा भैणी कुंगड़ की दोनों पंचायतों सहित खेड़ी दौलतपुर, सिवाना, अलखपुरा, बड़सी, सिवाड़ा व पुर के ग्रामीणों का भी पीकेसीसी, केसीसी व मुद्रा लोन जारी कर रखा है। गांव अपनी कमेटी बनाएगा व निष्पक्ष जांच के बाद आरोपियों पर कार्रवाई करवाएगा।

कई पहलुओं पर होगी जांच, आरोपियों पर होगी कार्रवाई: एजीएम
एसबीआई के जितने भी खाता धारक हैं, पहले वो अपनी बैंक पास बुक की स्टेटमेंट पुरी करवा ले और जिनके साथ गड़बड़ी हुई है वे बैंक प्रबंधक को लिखित में शिकायत भी दर्ज करवाए। बाकी हम प्रबंधक अभिषेक जरोरा को निलंबित करने कर रहे हैं व उनके द्वारा पीकेसीसी, केसीसी व मुद्रा लोन में जितनी भी गड़बड़ी की है सभी की पूरी तरह जांच करेंगे। जांच में मिलने वाले सभी आरोपियों पर मुकदमा दर्ज होगा। वहीं ग्रामीणों के अनुसार बात सामने आई है कि बैंक काफी दफा रात 9 बजे तक भी खुला रहा है, सीसीटीवी फुटेज से सामने आएगा की कोन कोन इतनी लेट तक बैंक में क्या करते था, उन्हें जांच के घेरे में रखेंगे। -संतोख सिंह भंगल, एजीएम भारतीय स्टेट बैंक हिसार।

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