भिवानी। कोहाड़ गांव में मुर्गी फार्म संचालक पर गोली उसके ही पूर्व ड्राइवर ने चलाई थी। फार्म पर पहले काम कर चुके ड्राइवर किरोड़ी ने ही सारी साजिश रची थी। उसे पता था कि फार्म संचालक रात को लाखों की नकदी लेकर अपनी गाड़ी से घर जाता है। वारदात वाले दिन आरोपी किरोड़ी अपने दो साथियों के साथ पहले ही निगरानी पर बैठा था। जैसे ही फार्म संचालक ने अपने टिफन आदि गाड़ी में रखे तो उसे लगा कि कैश का बैग भी रख दिया। जिसके बाद तीनों अंदर घुसे, संचालक पर गोली चलाई और चाबी छीन जीप कंपास को ले भागे। गाड़ी में उस समय कैश नहीं रखा गया था। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। जिन्हें तीन दिन के रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है।
उल्लेखनीय है कि तीन जनवरी की शाम करीब साढ़े पांच बजे कोहाड़ गांव में मुर्गी फार्म संचालक चौखानी इस्टेट महम गेट वासी हवा सिंह को गोली मारकर तीन युवक उसकी कंपास जीप लेकर भाग गए थे। गोली सिर के पास से होकर गुजरी। जिसके बाद घायल हवा सिंह को भिवानी इमरजेंसी लाया गया। जहां से प्राथमिक उपचार के बाद पीजीआई रोहतक रेफर किया गया। अब हवा सिंह को अस्पताल से छुट्टी मिल चुकी है। पुलिस ने शिकायत पर कोहाड़ वासी किरोड़ी व उसके दो अन्य पर केस दर्ज किया था। सदर थाना पुलिस ने अब दो युवकों बजीणा वासी राहुल उर्फ टीनू, खरक कलां वासी शिवम को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में सामने आया कि किरोड़ी का मुर्गी फार्म के साथ ही खेत है। उसके पिता पहले मुर्गी फार्म की गाड़ी चलाते थे। जिस कारण कई बार उसने भी गाड़ी चलाई। किरोड़ी को पता था कि हवा सिंह शाम को अकेले घर जाता है और काफी कैश लेकर जाता है। इसी कारण उसने लूट की योजना बनाई और अपने साथियों राहुल और शिवम को बताया। पकड़े गए राहुल और शिवम ने बताया कि उस दिन वे तीनों मुर्गी फार्म के बाहर से हवा सिंह पर नजर रखे थे। जब उसने शाम को घर जाने की तैयारी की तो किरोड़ी के कहने पर वे भागकर अंदर घुसे। हवा सिंह पर गोली चलाई। हवा सिंह से उसकी गाड़ी की चाबी छीनी और भाग निकले।
मामले में एसएचओ इंस्पेक्टर देशराज दहिया ने बताया कि आरोपी राहुल और शिवम को खरक कलां गांव से सोमवार शाम को पकड़ा। आज उन्हें कोर्ट में पेश कर तीन दिन के रिमांड पर लिया गया है। उनसे किरोड़ी और गाड़ी के बारे में पूछताछ की जाएगी।
लूट की जल्दबाजी में बचे 10 लाख
आरोपियों में लूट की इतनी जल्दबाजी थी कि रुपयों से भरा बैग गाड़ी में रखने से पहले ही हमला कर दिया। हमलावरों ने हवा सिंह के ऑफिस में घुसकर उसे गोली मारी और गाड़ी की चाबी छीनी और भाग निकले। हवा सिंह ने उस समय रुपयों को एक बैग में डाला ही था। बैग में करीब 10 लाख रुपये थे। लुटेरों की जल्दबाजी में रुपयों का बैग बचा।