भिवानी। करीब डेढ़ घंटे में शहर में हुई 30 एमएम बारिश से सड़कों पर एक बार फिर जलभराव हुआ। बरसाती पानी की निकासी में ही जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग को चार से पांच घंटे लगे। वहीं शहर के निचले इलाकों में ठप सीवर की वजह से गंदा पानी भी जमा हो गया। इसकी वजह से लोगों को आवाजाही में भी परेशानी बनी। वहीं शहर की मुख्य सड़कों पर जलभराव की वजह से जाम भी लगा।
शहर के बरसाती नाले सफाई के बाद फिर से गंदगी से ठसाठस भर गए। इसकी वजह से भी पानी निकासी में दिक्कतें हुईं और जनस्वास्थ्य विभाग को भी अस्थायी पंप लगाकर पानी निकासी कराना पड़ा। शनिवार सुबह बारिश के बाद शहर के दिनोद गेट, खाकी बाबा मंदिर क्षेत्र, चुहड़ सिंह बजारी, पुराना पटवारखाना मार्ग, शिवनगर कॉलोनी, देवस चुंगी क्षेत्र में जलभराव हुआ। इसी सप्ताह हुई बारिश में ही यहां के बरसाती नाले और सीवर गंदगी से ठसाठस भर गए थे, जिसकी वजह से सड़कों पर भी बारिश के साथ सीवर का गंदा पानी फैल गया।
शहर का मिनी बाईपास भी सड़क निर्माण की वजह से बंद रखा गया। इस कारण अग्रसेन चौक से लेकर नया बस स्टैंड तक वाहन रेंगते हुए आगे बढ़े। यातायात पुलिस कर्मचारियों को भी यहां जाम खुलवाने में काफी समय लगा। तोशाम मिनी बाईपास मार्ग कदम अस्पताल के आगे से बंद कर दिया है। जिस कारण केवल दुपहिया वाहन ही संकरे रास्ते से होकर गुजर रहे हैं, जबकि भारी और छोटे वाहनों की आवाजाही बंद है। नया बस स्टैंड से अग्रसेन चौक की तरफ का रास्ता भी वन-वे किया हुआ है। बारिश के बाद यहां जलभराव के साथ साथ वाहनों की आवाजाही भी जाम की वजह से प्रभावित हुई।
फसलों के लिए फायदेमंद रही बारिश
कृषि विभाग के उपनिदेशक डॉ आत्माराम गोदारा का कहना है कि बारिश फसलों के लिए फायदेमंद है। कपास, ग्वार, बाजरा सहित खरीफ की फसलों में किसानों को अब पानी की सिंचाई की जरूरत नहीं है। एक सप्ताह में दूसरी बार हुई बारिश से भूमि में अधिक नमी बनी है। इससे किसानों को भी अच्छी पैदावार की उम्मीद जताई जा रही है।
धान रोपाई में भी जुटे किसान
हालांकि भिवानी में धान रोपाई का ज्यादा क्षेत्र नहीं है, लेकिन जिन हिस्सों में बरसाती जलभराव होता है। उन हिस्सों के किसान अपने खेतों में पानी भंडारण के दौरान धान रोपाई भी कर रहे हैं। ज्यादातर मुंढाल, चांग, बवानीखेड़ा क्षेत्र में ही किसान धान रोपाई करते हैं।
यहां बनी बारिश लोगों के लिए आफत
सरकुलर रोड नेशनल हाईवे पर निर्माण का काम चल रहा है। इस कारण हालुवास गेट से लेकर हनुमान गेट, दादरी गेट, बावड़ीगेट क्षेत्र से अग्रसेन चौक होते हुए नया बस स्टैंड तक कीचड़ फैला हुआ है। काफी हिस्से में सड़क को आवाजाही के लिए ही बंद कर दिया है। जिस कारण ट्रैफिक भी सरकुलर रोड व नया बस स्टैंड तक वन-वे हो गया है। कुछ हिस्से में जलभराव भी बना। बारिश के दौरान ही वाहनों की अधिक आवाजाही आफत बन गई।
डिस्पोजल पर बिजली गुल, जनरेटर से हुई पानी की निकासी
देवसर चुंगी मैन डिस्पोजल पर बारिश के दौरान ही बिजली भी गुल हो गई। इसके बाद जनरेटर से पंप मोटरों को चलाकर पानी की निकासी मुख्य ड्रेन में डाला गया। पंप में पॉलिथीन कचरा भी बार-बार परेशानी बना। कर्मचारी बार बार स्टोरेज टैंकों से पॉलिथीन कचरे को भी साफ कर उसे बाहर डालने में जुटे रहे, ताकि पंप में फंसकर मोटरें बंद न हो जाए।
शहर से बारिश के पानी की निकासी दो से तीन घंटों के दौरान करा दी गई है। शहर में कहीं पर भी बारिश का पानी जमा नहीं है। जिन हिस्सों में सड़क किनारे पानी का ठहराव है वहां पर संबंधित विभागों ने अपने बरसाती चैनलों की सफाई नहीं कराई है, जिस वजह से दिक्कतें आ रही हैं।
-आशीष कुमार, कनिष्ठ अभियंता, शहरी सीवरेज शाखा, भिवानी।