मुलाना। सरदाहेड़ी गांव के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय और राजकीय प्राथमिक विद्यालय में लंबे समय से स्टाफ की कमी से परेशान ग्रामीणों, ग्राम पंचायत और एसएमसी सदस्यों ने सोमवार सुबह सात बजे दोनों स्कूलों पर ताला जड़ दिया। ग्रामीणों के अनुसार उन्होंने हर जगह दरवाजा खटखटाया, लेकिन उनकी समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ।
इसके चलते अंत में उन्होंने स्कूलों पर ताला जड़ दिया और स्कूल के सामने चादर बिछाकर प्रदर्शन किया। इस दौरान जमकर नारेबाजी की गई। इसके बाद मौके पर खंड सीआरसी प्रभारी ओम कृष्ण अग्रवाल ने ग्रामीणों सामझाया। बीईओ बराड़ा के साथ मंगलवार को बैठक करने के आश्वासन पर ग्रामीणों ने स्कूलों का ताला करीब ढाई घंटे बाद खोला दिया।
स्कूल पर लगे ताले के दौरान सभी छात्र और अध्यापक स्कूल के बाहर खड़े रहे। ग्रामीणों ने मंगलवार सुबह 10 बजे तक बीईओ बराड़ा से बैठक न होने पर फिर से स्कूलों पर ताला जड़ने की चेतावनी दी। ग्रामीण एसएमसी प्रधान महिंद्र सिंह, संदीप सिंह, तरसेम, यासीन अली, विक्रमजीत, लखन सिंह, मेनका, राजबाला, रजनी बाला, सीमा, मेनका , गीता, ज्योति, पूनम और ममता ने बताया कि गांव के दोनों सरकारी स्कूलों में स्टाफ की भारी कमी है।
ग्रामीण स्टाफ की कमी के चलते वे एक साल से बीईओ सहित पूर्व शिक्षामंत्री कंवरपाल गुर्जर के समक्ष अपनी समस्या रख चुके हैं, लेकिन उनकी समस्या का समाधान नहीं हुआ। हर बार आश्वासन ही मिला है। स्कूल में पढ़ रहे छात्रों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। इसके चलते ग्रामीणों ने अंत में स्कूल पर ताला जड़ने का फैसला लिया।
स्कूलों में स्टाफ की भारी कमी
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सरदाहेड़ी में पीजीटी इंग्लिश, ड्राइंग, फिजिकल एजुकेशन, टीजीटी पंजाबी के अध्यापक नहीं है। टीजीटी पंजाबी के अध्यापक को डेपुटेशन पर शेरपुर सुलखनी गांव में पिछले डेढ़ साल से भेजा हुआ है। इसके अलावा स्कूल में स्वीपर,चौकीदार, पीएन, क्लर्क के पद भी खाली है। स्टाफ की कमी के चलते स्कूल के 199 छात्रों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। वहीं राजकीय प्राथमिक विद्यालय में 58 बच्चों पर केवल एक अध्यापिका है। स्कूल की इंचार्ज को टपरियां गांव में डेपुटेशन पर भेज दिया गया साथ ही स्कूल में एक सर प्लस अध्यापक तो सज्जन माजरी स्कूल में भेजा जा रहा है।
ढाई घंटे अध्यापक और छात्र रहे बाहर :
स्कूलों पर करीब ढ़ाई घंटे ताला जड़ा रहा। इस दौरान स्कूली छात्र पर अध्यापक स्कूल से बाहर खड़े रहे। ग्रामीणों के अनुसार उन्होंने सुबह सात बजे स्कूल पर ताला लगा दिया था, जिससे कि शिक्षा विभाग स्कूल समय आठ बजे से पहले ही संपर्क साध लें लेकिन शिक्षा विभाग की तरफ से साढ़े नौ बजे सीआरसी हेड को ग्रामीणों से मिलने भेजा। ग्रामीणों के अनुसार स्कूलों पर ताला जड़ने के ढाई घंटे बाद शिक्षा विभाग मौके पर पहुंचा। ऐसे में शिक्षा विभाग के जिम्मेदारी का सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है।
खंड शिक्षा अधिकारी किसी जरूरी बैठक में थे। इसलिए वो नहीं आ सके। प्राथमिक विद्यालय में डेपुटेशन पर गई अध्यापिका को जल्द सरदाहेड़ी भेजा जाएगा। मंगलवार को खंड शिक्षा अधिकारी स्वयं स्कूल पहुंचकर उनकी अन्य मांगों का समाधान करेंगे। इस आश्वासन पर ग्रामीणों ने स्कूलों पर लगे तालों को खोल दिया है।
-ओम कृष्ण अग्रवाल, मुख्य सीआरसी, खंड बराड़ा