अंबाला सिटी। मुख्यमंत्री उड़नदस्ता टीम ने शुक्रवार को औद्योगिक सुरक्षा और स्वास्थ्य श्रम विभाग अंबाला उपनिदेशक कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण में हरियाणा स्टेट एग्रीकल्चर मार्केटिंग बोर्ड अंबाला सब डिविजन अभियंता अर्जुन सिंह पंवार ड्यूटी मजिस्ट्रेट रहे।
निरीक्षण के दौरान टीम को विभाग के उपनिदेशक सुरेंद्र सिंह अपने कार्यालय में हाजिर मिले। कार्यालय में कुल 39 अधिकारी व कर्मचारी कार्यरत हैं। जिनको चेक करने पर उक्त कार्यालय में पांच कर्मचारी छुट्टी पर और एक कर्मचारी मेडिकल अवकाश पर, तीन अधिकारी बाहर ड्यूटी पर मिले। तीन अधिकारी व कर्मचारी गैर-हाजिर पाए गए, जबकि अन्य 27 कर्मचारी कार्यालय में हाजिर मिले।
उड़नदस्ता टीम को औद्योगिक सुरक्षा एवं स्वास्थ्य श्रम विभाग अंबाला उप निदेशक सुरेंद्र सिंह ने बताया कि उनके कार्यालय के अधीन हरियाणा सरकार की ओर से लागू की गई कुल 24 योजनाएं शामिल हैं। उन्होंने बताया कि उक्त सभी योजनाओं का लाभ लेने के लिए भवन निर्माण में कार्यरत श्रमिकों को विभाग की साइट एचआरवाईएल लेबर.जीओवी.इन पर अपना पंजीकरण करवाकर एक वर्ष बाद पंजीकरण को नवीनीकरण करने पर लाभ के लिए पात्र होते है।
इनमें चिनाई मिस्त्री, प्लंबर, कार पेंटर, इलेक्ट्रीशियन, जाल बांधने वाला, पेंटर व अन्य निर्माण श्रमिक है। श्रमिक को किसी भी योजना का लाभ लेने के लिए विभाग की साइट पर अपने 90 नब्बे दिनों का प्रमाण देकर योजना लागू कर सकता है। जोकि कार्यालय के कर्मचारियों के पोर्टल पर सीपीएस सिस्टम के माध्यम से वितरित हो जाते है। जिन्हें कार्यालय कर्मचारी की ओर से चेक करके उच्च अधिकारी को सिफारिश के लिए भेज दिए जाते हैं। जिन्हें हरियाणा राज्य के संबंधित अधिकारी की ओर से 90 दिन की समय सीमा के दौरान चेक करके लाभ दिया जाता है।
इसके अतिरिक्त जिन आवेदनों में योजना से संबंधित दस्तावेजों में कमियां पाई जाती है, उनमें त्रुटियां लगाई जाती है। जिनका जवाब सही न होने के कारण संबंधित अधिकारी, कंप्यूटर से आवेदन अस्वीकार कर दिया जाता है। इनका कोई भी रिकार्ड क्षेत्रीय कार्यालय के किसी भी अधिकारी, कर्मचारी के पोर्टल पर उपलब्ध नहीं रहता है और इसका पूर्ण ब्योरा मुख्यालय स्तर पर ही दर्ज रहता है। वहीं, कार्यालय में सीएम विंडो की तीन शिकायतें लंबित पाई गई। जो तीनों समय अवधि के अंदर लंबित पाई गई। जिन पर कार्यवाही जारी है। उड़नदस्ता टीम में उप निरीक्षक हितेंद्र कुमार, सहायक उप निरीक्षक परविंद्र कुमार, सहायक उप निरीक्षक सुखविंद्र सिंह, मुख्य सिपाही बलबीर सिंह शामिल रहे।