राहुल गांधी का अंबाला में आना कोई निश्चित नहीं था वही कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों को भी इस बात की सूचना नहीं थी कि राहुल गांधी आ सकते हैं । वह सुबह करीब पौने पांच बजे दिल्ली से अंबाला अपने काफिले के साथ पहुंचते हैं फिर अंबाला सिटी के मंजी साहिब गुरुद्वारे में मत्था टेकते हैं और करीब आधे घण्टे का यहां समय बिताते हैं। इसके बाद वह एक ट्रक में सवार होकर अंबाला से चंडीगढ़ निकल जाते हैं।
अंबाला के रास्ते चंडीगढ़ होते हुए हिमाचल प्रदेश में जा रहे थे राहुल
जानकारों ने बताया कि राहुल गांधी हिमाचल प्रदेश के शिमला जाने के लिए दिल्ली से चले थे वह अंबाला के रास्ते चंडीगढ़ होते हुए हिमाचल प्रदेश में जा रहे थे। इसी दौरान उनकी इच्छा हुई कि वह अंबाला से चंडीगढ़ का सफर एक ट्रक में करें ताकि हाईवे पर रोजाना सैंकड़ो टन सामान लेकर सफर करने वाले चालकों के बारे में भी जाना जा सके। ट्रक में बैठने के बाद कांग्रेसी नेता राहुल गांधी ने करीब 50 किलोमीटर के सफर के दौरान ट्रक चालक से कई बार बातचीत भी की। उन्होंने पूछा कि मौजूदा समय में किस प्रकार की उन्हें दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
वरिष्ठ कांग्रेसी नेता रामकिशन गुर्जर के अनुसार
अंबाला से वरिष्ठ कांग्रेसी नेता रामकिशन गुर्जर ने बताया कि उनके पास ना तो कोई मैसेज था और ना ही कोई आधिकारिक रूप से किसी पदाधिकारी को यह जानकारी थी कि राहुल गांधी अंबाला में आकर रुकेंगे। उन्होंने बताया कि उन्हें अभी तक यह भी नहीं पता है कि राहुल गांधी आगे कहां गए हैं।
बार एसोसिएशन अंबाला के अध्यक्ष रोहित जैन के अनुसार
वरिष्ठ कांग्रेसी नेता और बार एसोसिएशन अंबाला के अध्यक्ष रोहित जैन ने बताया कि उनके पास भी राहुल गांधी के दौरे को लेकर कोई जानकारी नहीं थी उन्होंने पता करने की भी कोशिश की लेकिन उन्हें जानकारी प्राप्त नहीं हो सके की राहुल गांधी का यह दौरा कहां के लिए है।