अंबाला। सात दिन बीत जाने के बाद भी दुकानों के मालिकाना हक को लेकर कार्रवाई आरंभ नहीं हो पाई है। दुकानदार रोजाना नगर परिषद कार्यालय में जाकर पूछताछ कर रहे हैं। वहीं विभागीय कर्मचारी दुकानदारों का मार्गदर्शन कर रहे हैं कि नई अधिसूचना आ गई है। वहीं अब नए पोर्टल को लेकर कार्रवाई लंबित चल रही है जोकि आगामी तीन चार दिन में पूरी हो जाएगी। राहत की बात यह है कि मामला गृहमंत्री अनिल विज के संज्ञान में आया है। उन्होंने निकाय विभाग के अधिकारियों से मंत्रणा की है कि इस कार्य में क्यों देर लग रही है।
गृहमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जब एक बार पोर्टल पर दुकानदारों ने सभी जरूरी दस्तावेज अपलोड कर दिए हैं तो दोबारा इस प्रक्रिया की क्या जरूरत है। अगर नए पोर्टल पर दुकानों से संबंधित जानकारी दर्ज की जानी है तो जो पुरानी जानकारी पहले दर्ज की गई थी, उसे भी पोर्टल पर अपडेट किया जाए।
गौरतलब है कि हरियाणा सरकार ने 19 अप्रैल को दुकानों के मालिकाना हक से संबंधित नई अधिसूचना जारी की थी। इसमें जानकारी दी गई थी कि दुकानदारों को दोबारा से विभागीय पोर्टल पर दुकानों से संबंधित दस्तावेज अपलोड करने होंगे। यह योजना सिर्फ 100 स्क्वेयर यार्ड या इससे कम के दुकानों पर ही लागू होगी। इसके लिए दुकान की रसीद जोकि किराए के तौर पर नगर परिषद की तरफ से जारी की जाती है, वो भी देनी होगी। इसके अलावा नप और दुकानदार के बीच एग्रीमेंट डीड, बिजली या पानी का बिल मान्य किया गया है।
933 दुकानदारों को इंतजार
मौजूदा समय में नगर परिषद के अधीन 933 दुकानदार हैं। इसमें राय मार्केट, गांधी मार्केट, सब्जी मंडी सहित अन्य कई क्षेत्र हैं। जहां नप की दुकानें बनी हुई हैं और इसका किराया दुकानदारों द्वारा नगर परिषद में जमा करवाया जाता है।
दुकानों के मालिकाना हक को लेकर नई अधिसूचना जारी हुई है लेकिन अभी पोर्टल नहीं चल रहा है। गृहमंत्री ने विभागीय अधिकारियों से मंत्रणा की है कि जब पोर्टल पर पहले ही दुकानों की जानकारी दर्ज की गई है तो बार-बार यह प्रक्रिया क्यों की जा रही है। उम्मीद है कि पुरानी जानकारी को ही नए पोर्टल पर अपडेट कर दिया जाएगा। इससे समस्या का समाधान हो जाएगा।
-निर्मल नागर, प्रशासक, नगर परिषद, सदर।