धर्म सिंह, अंबाला सिटी। सिद्ध समाधि बाबा मोहन दास जी की याद में प्रत्येक वर्ष आनंदपुर जलबेड़ा गांव में आयोजित होने वाले मेले में बुधवार को हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया और बाबा मोहन दास जी की समाधि पर माथा टेक कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया।
संत समाज के दर्जनों साधुओं ने समाधि स्थल पर पहुंच कर बालक रूप में महंत बने मुरारी दास को अपना आशीर्वाद दिया। महंत मुरारी दास की ओर से साधु समाज के मौजूद संतों को दक्षिणा देकर विदाई दी गई। मेला कमेटी आनंदपुर जलबेड़ा द्वारा खट्टे के मेले पर विशाल दंगल प्रतियोगिता का आयोजन कराया।
इस प्रतियोगिता में हरियाणा, पंजाब, मध्य प्रदेश, दिल्ली, चंडीगढ़, हिमाचल और राजस्थान से आए पहलवानों ने भाग लिया। दंगल कुश्ती में डूमछेड़ी के परविंदर ने प्रथम स्थान हासिल कर एक लाख रुपए का नगद इनाम जीता। जिसे मेला कमेटी ने बढ़ाते हुए एक लाख सात हजार रुपए कर दिया। कमेटी सदस्यों ने कहा कि अगले वर्ष इस राशि को दो लाख रुपए कर दिया जाएगा। वहीं 51 हजार रुपए की झंडी प्रतियोगिता में पहलवानों और दर्शकों के जोश को देखते हुए ईनाम की रकम को 51 हजार से बढ़ाकर 55 हजार किया गया।
इस प्रतियोगिता में दिल्ली के पहलवान हरी व डूमरछेड़ी के माना के बीच बराबरी का मुकाबला बना रहा। इसलिए दोनों पहलवानों को आधा आधा ईनाम दिया गया।श्री राधाकृष्ण मंदिर के महंत मुरारी दास की ओर से बांधी गई 5100 की झंडी अलीगोरीपुर के जीतू पहलवान ने जीती। चंडीगढ़ और कैथल के पहलवान के बीच हुए कुश्ती मुकाबले में चंडीगढ़ के विशाल ने कैथल के सतीश को हराया। कुश्ती के दौरान उद्घोषकों गैवी जैलदार संगरूर और जगदीश जैलदार ने अपने रोमांचक शब्दों से मेला देखने आए लोगों को उत्साहित किया।
मेले में जटवाड़ के 80 वर्षीय बहादुर सिंह ने अखाड़े के 50 चक्कर लगाकर सभी दर्शकों को आश्चर्यचकित कर दिया। पंजाब के राजपुरा से आए युवा पहलवान विक्की ने अपने हाथों से चार मोटरसाइकिल रोक कर दर्शकों का मन लुभाया। इसके साथ ही चंडीगढ़ से आए महिला व पुरुष करतबबाजों ने भी खूब तालियां बटौरी। मेले में खिलौने व झूलों की चकाचौंध बच्चे, बूढ़े सभी के लिए आर्कषण का केंद्र बनी रही।